गृह मंत्रालय ने 29 जनवरी को इस्रायली दूतावास पर हुए हमले और 26 जनवरी को दिल्ली में हुई हिंसा के मद्देनजर इमरजेंसी कारणों से सिंघु, टिकरी और गाजीपुर बॉर्डर व उसके आसपास के 500 मीटर के इलाके तक इंटरनेट बंद करने का आदेश जारी किया है।
इन इलाकों में इंटरनेट की सेवा अस्थायी रूप से 29 जनवरी की रात 11 बजे से 31 जनवरी तक के लिए बंद किया गया है। यह कदम आम जन की सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखकर लिया गया है ताकि किसी भी अप्रिय घटना को टाला जा सके।
सरकार ने सभी निजी और सरकारी टेलिकॉम कम्पनियों को इस आदेश का सख्ती से पालन करने को कहा है। इससे पहले हरियाणा सरकार ने भी अपने कई जिलों में इंटरनेट बंद करने का आदेश जारी किया हुआ है। माना जा रहा है कि सरकार ने ये आदेश किसान आंदोलन के मद्देनजर क्षेत्र में शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए जारी किए हैं।
गौरतलब है कि शुक्रवार शाम को हरियाणा के सभी 22 में से 17 जिलों में तत्काल प्रभाव से इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई थीं। हालांकि 5 जिलों में इंटरनेट अब भी चल रहा है। इनमें गुरुग्राम, फरीदाबाद, नूंह, पंचकूला और महेंद्रगढ़ शामिल हैं। बता दें कि सोनीपत, पलवल व झज्जर में पहले से ही इंटरनेट सेवाओं पर रोक लगी हुई थी।
कल जिन 14 और जिलों में इंटरनेट सेवा रोकी गई उनमें - अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, करनाल, कैथल, पानीपत, हिसार, जींद, रोहतक, भिवानी, चरखी दादरी, फतेहाबाद, रेवाड़ी और सिरसा जिले शामिल हैं। इन जिलों में इंटरनेट सेवा 30 जनवरी शाम 5.00 बजे तक बंद रखने का आदेश दिया गया है।
दिल्ली के जिन इलाकों में इंटरनेट बंद करने का आदेश गृहमंत्रालय ने दिया है वहां 26 जनवरी की हिंसा के बाद भी कई घंटों के लिए इंटरनेट बंद कर दिया गया था।