दिल्ली के महिला एवं बाल विकास मंत्री राजेंद्र पाल गौतम ने बुधवार को दिल्ली महिला आयोग की प्रमुख स्वाति मालीवाल व विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक की। इसमें राष्ट्रीय महिला आयोग की तरफ से जारी नोटिस पर चर्चा की गई।
नोटिस में कहा गया है कि लॉकडाउन के दौरान दिल्ली में महिलाओं के साथ घरेलू हिंसा में बढ़ोतरी हुई है। बैठक में डीसीडब्ल्यू ने एनसीडब्ल्यू की रिपोर्ट का खंडन करते हुए कहा कि इस बीच दिल्ली में घरेलू हिंसा के मामलों में बड़े पैमाने गिरावट आई है।
आयोग की प्रमुख स्वाति मालीवाल के मुताबिक, लॉकडाउन से पहले घरेलू हिंसा से जुड़े मामलों के आयोग के हेल्पलाइन नंबर 181 पर रोजाना 1500-1800 कॉल आते थे। जबकि 30 मार्च से 6 अप्रैल तक केवल 212 कॉल और 14 अप्रैल से 20 अप्रैल तक मात्र 171 कॉल मिली है। साफ है कि शिकायतें तेजी से कम हुई हैं।
उधर, राजेंद्र पाल गौतम ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वह आयोग के हेल्पलाइन नंबर 181 का प्रचार करें। जिससे पीड़ित महिलाएं मदद के लिए सही जगह पर कॉल कर सकें। साथ ही उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि घरेलू हिंसा अधिनियम के तहत और अधिक अधिकारियों की तैनाती होनी चाहिए। इसके लिए रिक्तियों को तत्काल भरा जाए।
राजेंद्र पाल गौतम ने बताया कि महिला आयोग की हेल्पलाइन नंबर 181 के साथ डीसीडब्ल्यू ने घरेलू हिंसा से संबंधित शिकायतें दर्ज करने के लिए व्हाट्सएप नंबर 91- 9350181181 भी लॉन्च किया है।
इस पर कोई भी शिकायत कर सकेगा। इसके साथ ही दिल्ली बाल अधिकार संरक्षण आयोग (डीसीपीसीआर) ने भी एक हेल्पलाइन नंबर 011 - 41182977 लॉन्च किया है। इस पर उन बच्चों को शिकायतें दर्ज की जाएंगी, जिनको लॉक डाउन के दौरान किसी तरह के दिक्कत है या जो किसी तरह का मानसिक स्वास्थ्य परामर्श लेना चाहते हैं।