पुरुषोत्तम वर्मा
नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस के गिरफ्तार तीनों सिपाही अपनी दिहाड़ी बनाने महिपालपुर स्थित कॉल सेंटर में लूटपाट करने गए थे। मालवीय नगर थाने में तैनात सिपाही मनु कुमार ने साजिश रचने में बड़ी भूमिका निभाई थी। उसने ही दो अन्य सिपाही अमित व संदीप को फोन कर कहा था कि एक काम है और अच्छी दिहाड़ी बन जाएगी। कॉल सेंटर के कर्मचारी ने वहां बड़ी रकम होने की सूचना दी थी।
वसंत कुंज (नार्थ) थाना पुलिस ने महिपालपुर स्थित कॉल सेंटर स्टेप्ल में लूटपाट करने के मामले में तीनों सिपाही समेत पब्लिक के पांच आरोपी जय कपूर, ऋषि, अमन, श्याम और कार्तिक को गिरफ्तार किया था। श्याम कॉल सेंटर में काम करता था। श्याम, ऋषि और जय मुनिरका स्थित एक घर में रहते हैं। श्याम ने इनको बताया कि कॉल सेंटर में हर रोज 10 से 15 लाख रुपये आते हैं। अगर दबिश दी जाए तो सात से आठ लाख रुपये मिल सकते है। ऋषि ने ये जानकारी शनिवार सुबह 11 बजे सिपाही मनु कुमार को दी थी।
मालवीय नगर थाने में तैनात मनु कुमार के खिलाफ थाने में भी शिकायतें आती रहती थीं। मनु कुमार ने सिपाही संदीप व अमित को फोन कर बुलाया था। इसके बाद सभी आठों आरोपी उसी रात 11 बजे कॉल सेंटर में लूटपाट करने पहुंच गए थे। हालांकि इन्हें कॉल सेंटर में ज्यादा रकम नहीं मिली थी। इसी कॉल सेंटर में दो महीने पहले भी इसी तरह लूट हुई थी। तब भी बदमाश पुलिसकर्मी बनकर आए और मोटी रकम ले गए थे।
वसंत कुंज (नार्थ) थाना पुलिस भी इस बात की जांच कर रही है कि कॉल सेंटर अवैध रूप से तो काम नहीं हो रहा था और उसमें अवैध गतिविधियां तो नहीं हो रही थीं। पुलिस ने कॉल सेंटर मालिक नवीन सेहरावत की शिकायत पर एफआईआर दर्ज की है। पुलिस सभी आरोपियों की पीड़ित से शिनाख्त परेड कराएगी। मनु कुमार के कब्जे से सर्विस रिवाल्वर बरामद कर ली है।