एलएनजेपी के एमडी डॉ. सुरेश कुमार
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एक सप्ताह बाद चार यात्रियों को एलएनजेपी अस्पताल से छुट्टी मिल गई है। यह सभी पहले दिन से ही कोरोना संदिग्ध थे। आरटी पीसीआर रिपोर्ट में भी संक्रमण की पुष्टि नहीं हुई थी।
गुरुवार को लोकनायक (एलएनजेपी) अस्पताल से चारों मरीजों को उनके घर भेज दिया गया है। हालांकि इन सभी को होम आइसोलेशन में अगले एक सप्ताह तक रहने और किसी भी तरह की दिक्कत होने पर तत्काल संपर्क करने के लिए भी कहा है। ओमिक्रॉन को लेकर इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर शुरू हुई निगरानी के बाद पहली बार मरीजों को छुट्टी मिली है।
उधर, हवाई अड्डे पर दो और ओमिक्रॉन संदिग्ध मिले हैं। बीते दो दिन में पांच लोग संदिग्ध मिल चुके हैं जिन्हें अस्पताल में भर्ती किया जा चुका है। यह जानकारी देते हुए चिकित्सा अधीक्षक डॉ. सुरेश कुमार ने बताया कि अब उनके यहां विदेश से आए कुल संदिग्ध मरीजों की संख्या 31 हो गई है, जिनमें से करीब 20 लोग संक्रमित हैं।
उन्होंने बताया कि साथ ही एक ओमिक्रॉन संक्रमित मरीज भी है जिसकी हालत पहले से काफी बेहतर है। बाकी मरीज संदिग्ध हैं। उन्होंने बताया कि अभी तक 12 लोगों की जीनोम सिक्वेंसिंग रिपोर्ट प्राप्त हुई है। बाकी मरीजों की रिपोर्ट नहीं आई है।