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Delhi News: सड़क पर गड्ढे या गड्ढों में सड़क, फर्क करना आसान नहीं

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आनंद विहार बस अड्डे का बुरा हाल, बन सकता है हादसों का सबब
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बारिश में सड़क पर बन जाता है छोटा तालाब, बस चालक-यात्री परेशान

फिरदौस आलम
पूर्वी दिल्ली। पूर्वी दिल्ली स्थित आनंद विहार बस अड्डे की सड़क पूरी तरह से गड्ढों में तब्दील हो गई है। बारिश में गड्ढ़े छोटे तालाब बन जाते हैं। ऐसे में इस सड़क से वाहनों का निकलना मुश्किल हो गया है। मुसाफिरों का कहना है कि अगर जल्दी सड़क नहीं बनाई गईं, हादसे का सबब बन सकती है।

बस चालकों का कहना है कि यह सड़क कई महीनों से ऐसे ही पड़ी हुई है। न तो मरम्मत की जा रही है और न ही इसे तोड़कर नए सिरे से बनाया जा रहा है। यहां से रोजाना दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड समेत अन्य राज्यों के लिए बसें निकलती हैं। चालकों ने दावा किया है कि कई बार इन गड्ढों की वजह से बस के दोनों पहियों के बीच का हिस्सा जमीन से टकरा जाता है, जिससे बस को नुकसान पहुंचता है। इसका हर्जाना उन्हें अपनी तनख्वाह से देना पड़ता है। वहीं, इस जर्जर सड़क की हालत को लेकर जब दिल्ली ट्रांसपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड (डीटीआईडीसी) के अधिकारियों से बात की गई, तो उन्होंने कहा कि सड़क की मरम्मत को लेकर काम किया जा रहा है। अभी बरसात का मौसम है, तो इसमें पानी जमा हो जाता है। इससे पहले गड्ढों में से पानी निकाला गया था, लेकिन लगातार हो रही बारिश से गड्ढों में जलभराव हो जाता है। इससे पहले इन गड्ढों को भरने की कोशिश भी की गई थी। बारिश के बाद हालत फिर खस्ताहाल हो गई। डीटीआईडीसी के अधिकारियों ने बताया कि सड़क निर्माण के लिए टेंडर जारी किया जा रहा है। जल्द ही इसको नए सिरे से बना दिया जाएगा। एक अधिकारी ने बताया कि बस चालकों को निकास द्वार से निकलने की बजाय एक और रास्ते का विकल्प दिया गया है, लेकिन चालक जल्दबाजी में समय बचाने के लिए निकास द्वार से निकल रहे हैं।
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लोगों से बातचीतः-
मैं यहां आनंद विहार बस अड्डे के पास में ही दफ्तर आना जाना करता हूं। यहीं से नांगलोई के लिए बस लेता हूं। निकास द्वार पर गड्ढा खतरनाक होता जा रहा है। कई बार ऐसा लगता है कि यह बस अब पलट जाएगी। अगर इसकी जल्दी मरम्मत नहीं की गई, तो कोई बड़ा हादसा हो सकता है। इमरान खान, नांगलोई निवासी।
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मैं रोजाना आनंद विहार बस अड्डे से बदरपुर आना-जाना करता हूंं। बाहर से यह बस अड्डा देखने में ठीक-ठाक लगता है, लेकिन बस अड्डे के निकास द्वार पर हालत बहुत खराब है। पूरी सड़कें टूटी पड़ी हैं। कई बार इन गड्ढों की वजह से बसें अंदर भी नहीं आती हैं। - राजीव कुमार, बदरपुर निवासी।
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