दोपहर के करीब 2.15 बजे थे, अचानक पुरानी सीमापुरी की सुनार वाली गली के बाहर पुलिस कर्मियों की संख्या बढ़ गई। वहां आए पुलिस कर्मियों ने एक-एक दरवाजे को खटखटाकर मोहल्ले वालों से तुरंत मकान खाली करने के लिए कहा। पूछने पर वह कुछ नहीं बता रहे थे, उनका कहना था कि बस जान का खतरा है, तुरंत मकान खाली कर दो। इतनी पुलिस को देखकर मोहल्ले वालों के होश भी फुख्ता हो गए। देखते ही देखते वहां पुलिस की जिप्सी से बैरिकेड लगाकर पूरे मोहल्ले को सील कर दिया गया।
जो रास्ता सुनार वाली गली को जाता था, हर उस रास्ते पर कई-कई पुलिस कर्मियों को तैनात कर दिया गया। लोग यह तो समझ गए थे कि आसिम के तीन मंजिला मकान में कुछ हुआ है, लेकिन किसी को भी हकीकत का पता नहीं चला था। देखते ही देखते वहां एनएसजी, दमकल विभाग व दूसरी एजेंसियों ने पहुंचना शुरू किया तो लोगों को पता चला कि यहां कोई बम मिला है। बम की खबर पूरे इलाके में आग की तरह फैल गई। देखते ही देखते पुरानी सीमापुरी में लोगों की भारी भीड़ जुट गई।
हालात को देखते हुए वहां पर पुलिस को कई बार लोगों को वहां से हटाना पड़ा। आसपास की मार्केट को भी बंद करवा दिया गया। बैरिकेड पर खड़े जवानों से लोग सवाल-जवाब करते रहे। पुलिसकर्मी भी उनको कुछ बताने को तैयार नहीं थे। इधर पुलिस को देखकर इलाके के बच्चे भी खासे दहशत में दिखे। लोगों के चेहरों पर डर को साफ देखा जा सकता था। डर का माहौल इस कदर था कि पास में मौजूद स्कूल में अभिभावक अपने बच्चों को लेने स्कूल पहुंच चुके थे।
दोपहर बाद तक लोगों की भारी भिड़ वहां जुटर रही। शाम के समय जब एनएसजी की टीम आईईडी को वहां से निकालकर ले गई तो लोगों ने राहत की सांस ली। शाम तक लोग बस आरोपियों की चर्चा करते रहे। कुछ पड़ोसियों ने बताया कि कमरे में रहने वाले आरोपी किसी से बातचीत नहीं करते थे। बस अक्सर उनको दुकान से छोटा-मोटा सामान खरीदते हुए देखा गया था। देर रात तक पुलिस ने पूरे इलाके को घेराबंदी रखी। एनएसजी की टीम बम ले गई तो पुलिस ने खाली कराए गए मकानों में लोगों को जाने दिया। हालांकि जिस बिल्डिंग में आईईडी मिला था, उसके आसपास के मकानों की घेराबंदी देर रात तक जारी रही।
आईईडी मिलने की टाइम लाइन........
दोपहर 1.45 बजे: पुरानी सीमापुरी की सुनार वाली गली में स्पेशल सेल की टीम जांच के लिए पहुंची।
दोपहर 2.00 बजे: स्पेशल सेल की टीम ने आरोपियों के कमरे का दरवाजा तोड़ा और जांच शुरू की।
दोपहर 2.15 बजे: कमरे में विस्फोटक होने की आशंका पर कॉल की अधिकारियों को सूचना दी गई।
दोपहर 2.30 बजे: बम व डॉग स्क्वायड को मौके पर बुलाया गया, इसके बाद दमकल की गाड़ी भी पहुंची।
दोपहर 2.35 बजे: लोकल पुलिस ने घटना स्थल के आसपास के मकानों को खाली करवाया।
दोपहर 2.50 बजे: एक बस में सवार होकर एनएसजी की टीम घटना स्थल पर पहुंची।
दोपहर 3.00 बजे: दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी, डीसीपी, एसीपी समेत कई अधिकारी वहां पहुंचे।
शाम 6.45 बजे: बम को रस्सी की मदद से बिल्डिंग से नीचे उतारा गया।
शाम 7.00 बजे: एनएसजी की टीम आईईडी को लेकर दिलशाद गार्डन के पार्क में पहुंची।
रात 8.20 बजे: एनएसजी की टीम ने गड्ढा खोदकर आईईडी को निष्क्रिय कर दिया।
रात: 8.30 बजे: एफएसएल की टीम ने घटना स्थल से विस्फोटक के सैंपल उठाए।
देर रात तक मामले की जांच जारी रही, पुलिस के अलावा दूसरी एजेंसियां भी जांच में जुटी रहीं।