पंजाब के अटारी बॉर्डर पर पिछले वर्ष जासूसी करते हुए भारतीय सुरक्षा एजेंसियों ने एक ड्रोन पकड़ा था। पाकिस्तान खुफिया एजेंसी आईएसआई के हैंडलर जसपाल सिंह ने हरपाल सिंह से ड्रोन के बारे में पता करने के लिए बोला था। तब हरपाल सिंह(35) ने ड्रोन के बारे में जानकारियां एकत्रित कर हैंडलर जसपाल सिंह को बताई थीं। हरपाल सिंह को ड्रोन के बारे में पूरी जानकारी थी। जासूसी के साथ-साथ ड्रग्स तस्करी भी में हरपाल सिंह का नाम सामने आ रहा है।
स्पेशल सेल के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि जसपाल सिंह भारतीय नहीं पाकिस्तान नागरिक है। उसने अपना नाम जसपाल सिंह रखा हुआ है। वह मुस्लिम और चौधरी है। उसने पंजाब के नागरिक को जाल में फंसाने के लिए अपना नाम जसपाल रखा हुआ है। देश के खुफिया विभाग ने भी जसपाल के पाकिस्तानी नागरिक होने की पुष्टि की है। खुफिया विभाग के अनुसार जसपाल सिंह आईएसआई के लिए काफी समय से काम कर रहा है। हरपाल सिंह बब्बर खालसा समर्थक है। वह फेसबुक पर बब्बर खालसा के पोस्ट डालता था। तभी उस पर जसपाल की नजर पड़ गई और उसे पाकिस्तान के लिए जासूसी के लिए तैयार कर लिया।
पुलिस की जांच में ये भी बात सामने आई है कि हरपाल सिंह मजूदर बनकर सभी संवेदनशील जगहों पर घुस जाता था और काम करते हुए खुफिया जानकारी जुटा लेता था या फिर वीडियो बना लेता था। दिल्ली कैंट इलाके में वह मिलिट्री एरिया में भी मजूदर बनाकर घुसा था। पुलिस इसके मोबाइलों की फोरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार कर रही है।
ड्रग्स सप्लाई में भी नाम सामने आ रहा है
पंजाब पुलिस व पंजाब में खेमकरण बॉर्डर पर तैनात बीएसएफ व सेना ने भी हरपाल सिंह से पूछताछ की है। हरपाल का ड्रग्स तस्करी में भी नाम सामने आ रहा है। हरपाल ने इस बात को स्वीकार भी किया है कि हैंडलर जसपाल ने उसे ड्रग्स तस्करी के लिए बोला था। हालांकि ये ड्रग्स तस्करी से मना कर रहा है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार हेमकरण बॉर्डर पर ड्रग्स तस्करी करना आसान है। वहां की पुलिस ने करीब 50 से 60 ऐसे लोगों की पहचान कर रखी है जो बॉर्डर से ड्रग्स तस्करी करते है। पंजाब पुलिस ने इन लोगों के खिलाफ मामला भी दर्ज किया है।
ऐसे होती है ड्रग्स तस्करी
खुफिया विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि हेमकरण बॉर्डर पर बॉर्डर पर जो फेसिंग लगी हुई है वहां पर दोनों देशों की सीमा पर 10 फुट की जगह है। यहां सुरंग बनाकर आसानी से ड्रग्स पाकिस्तान से लाई जाती है। पाकिस्तान ड्रग्स तस्कर सुरंग बनाकर रस्सी को भारतीय सीमा की तरफ लटका देते हैं। भारत में मौजूद तस्कर उस रस्सी को खींचकर ड्रग्स को ले लेते हैं। हेमकरण पर मामले की जांच के लिए कुछ टीमों को गठन किया गया है।