ईडब्ल्यूएस श्रेणी की कट ऑफ में छूट पर संशय
नई दिल्ली। दिल्ली विश्वविद्यालय में इस बार स्नातक पाठ्यक्रमों में 10 फीसदी आर्थिक कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) कोटा लागू किया जा रहा है। इस श्रेणी के छात्रों के लिए अलग कट ऑफ आनी है, लेकिन छूट को लेकर विद्यार्थियों में संशय है। 20 जून से दाखिले शुरू होने हैं। बावजूद, विवि प्रशासन की ओर से अभी तक इस पर कोई फैसला नहीं लिया गया है। बताया जा रहा है कि प्रशासन विभिन्न मुद्दों पर विचार-विमर्श करने के बाद ही निर्णय लेगा।
डीयू में सामान्य, ओबीसी, एससी, एसटी व पीडब्ल्यूडी के लिए अलग-अलग कट ऑफ आती हैं। सामान्य श्रेणी के छात्रों की अपेक्षा कोटे के छात्रों की कट ऑफ थोड़ी कम होती है। ऐसे में जहां किसी कोर्स के लिए सामान्य श्रेणी कट ऑफ 95 फीसदी होती है तो वहीं, ओबीसी में 94, एससी के लिए 92-91 व एसटी के लिए 90 फीसदी तक होती है। इससे कोटे के छात्रों को दाखिले में लाभ मिल जाता है। चूंकि, इस बार सवर्णों के लिए ईडब्ल्यूएस कोटा लागू किया जा रहा है। लिहाजा, सवाल उठ रहे हैं कि क्या इस श्रेणी के छात्रों को छूट मिल पाएगी? डीयू प्रशासन ने अब तक इस पर कोई फैसला नहीं लिया है। माना जा रहा है कि अगले सप्ताह तक ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी। कॉलेज प्रिंसिपल की मानें तो, उन्हें भी इस पर अभी तक कोई स्थिति स्पष्ट नहीं की गई है। उनके सामने समस्या है कि वह कैसे ईडब्ल्यूएस की कट ऑफ निकालें, क्योंकि दाखिले शुरू होने में समय कम है।