दिल्ली में एक नवंबर से पहली से आठवीं क्लास तक के स्कूल खोले जाने की अनुमति दे दी गई है। ऐसे में शिक्षा निदेशालय ने कोरोना की वैक्सीन को लेकर एक बार फिर से सख्त रवैया अपनाया है। शिक्षा निदेशालय ने एक आदेश में कहा कि है कि जिन शिक्षकों व कर्मचारियों ने 15 अक्तूबर तक कोरोना टीके की एक भी खुराक नहीं ली उन्हें स्कूल में आने की अनुमति नहीं दी जाएगी। इसके साथ ही उन्हें पहली खुराक लेने तक छुट्टी पर माना जाएगा। शिक्षा निदेशालय की ओर से इस संबंध में एक आदेश जारी किया गया है।
निदेशालय की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि शिक्षकों व कर्मचारियों के टीकाकरण का सत्यापन आरोग्य सेतु एप और उनकी ओर से दिए गए टीकाकरण प्रमाणपत्र के माध्यम से किया जाएगा। शिक्षा निदेशालय के तहत आने वाले सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त और निजी गैर सहायता प्राप्त स्कूलों के प्रिंसिपल को 20 अक्तूबर तक शिक्षकों और कर्मचारियों के टीकाकरण की जानकारी देने का निर्देश दिया गया था। उन्हें निदेशालय के गूगल ट्रैकर लिंक पर जानकारी देने के लिए कहा गया था।
निदेशालय की ओर से बीते माह आदेश जारी कर कहा गया था कि जिन्होंने भी टीकाकरण नहीं कराया है, उन्हें 15 अक्तूबर से स्कूल आने की अनुमति नहीं दी जाएगी और वह छुट्टी पर माने जाएंगे। निदेशालय का कहना है कि चूंकि चरणबद्ध तरीके से स्कूल खोले जा रहे हैं। ऐसे में जरूरी है कि स्कूल परिसर बच्चों के लिए कोरोना बचाव संबंधी नियमों को अपनाते हुए सुरक्षित रहें।