उन्होंने बताया कि अब पिछले बिल की तुलना में पानी की खपत 50 फीसद से अधिक या कम होने पर मीटर रीडर के टैबलेट से बिलिंग रोकने के लिए एक सिस्टम चेक होगा। मीटर रीडिंग ने लिए फोटो के अनुसार पानी की खपत की पुष्टि के बाद ही जेडआरओ कार्यालय बिल तैयार करेगा। वहीं राजस्व अधिकारी सिस्टम में रेंडम आधार पर रोजाना मीटर रीडिंग इमेज ऑडिट करेंगे। इससे मौजूदा बिलिंग प्रणाली से संबंधित सभी खामियों को दूर किया जा सकेगा। रीडिंग में गलतियों के मामले में मीटर रीडर के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।