हाईकोर्ट ने दो याचिकाओं की सुनवाई करते हुए सुनाया फैसला
उच्च न्यायालय ने यूनियन बैंक ऑफ इंडिया और उसके कर्मचारियों के बीच विवादों से जुड़ी दो याचिकाओं का निपटारा करते हुए यह फैसला दिया है। न्यायालय में पेश एक मामले में बैंक ने कर्मचारी के खिलाफ आरोप लगाया था कि उसके द्वारा कुछ पार्टियों को समायोजित करने के लिए ऋण जारी किए गए, जिससे बैंक को नुकसान हुआ।
वहीं दूसरे मामले में बैंक ने कर्मचारी के खिलाफ आरोप लगाया था कि उसने आवश्यक औपचारिकताओं और लोन देने के लिए तय मानदंडों का उल्लंघन करके ऐसे लोगों/संस्थानों को ऋण दिया जिनके पहले ऋण या तो एनपीए थे या अतिदेय (ओवरड्यू) थे, जिससे कथित तौर पर बैंक को बड़ा वित्तीय नुकसान हुआ था।