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दिल्ली: हाईकोर्ट ने फ्यूचर ग्रुप की याचिका पर सुनवाई करने का लिया फैसला, अमेजन के मामले को समाप्त करने की मांग

Mon, 03 Jan 2022 09:19 PM IST
सुशील कुमार अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली

सार

पीठ ने मामले को उसी विवाद से निपटने वाले एक अन्य मामले के साथ याचिका पर सुनवाई करने का निर्णय किया है। भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (सीसीआई) द्वारा हाल ही में अमेजन के फ्यूचर के साथ 2019 के सौदे को दी गई मंजूरी को निलंबित करने के बाद यह विवाद आया है।
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दिल्ली हाईकोर्ट - फोटो : एएनआई
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विस्तार
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उच्च न्यायालय ने सोमवार को सिंगापुर में एक मध्यस्थ न्यायाधिकरण के समक्ष अमेजन के मामले को समाप्त करने की मांग करने वाली फ्यूचर ग्रुप की याचिका पर सुनवाई करने का निर्णय किया है। मुख्य न्यायाधीश डीएन पटेल और न्यायमूर्ति ज्योति सिंह की खंडपीठ के समक्ष वरिष्ठ अधिवक्ता मुकुल रोहतगी ने तर्क रखा कि उन्होंने फ्यूचर कूपन लिमिटेड (एफसीपीएल) की ओर से एक याचिका दायर की थी और इस मामले में अत्यधिक तात्कालिकता है। उन्होंने कहा कि रजिस्ट्री ने याचिका को मंजूरी दे दी है।

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पीठ ने मामले को उसी विवाद से निपटने वाले एक अन्य मामले के साथ याचिका पर सुनवाई करने का निर्णय किया है। भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (सीसीआई) द्वारा हाल ही में अमेजन के फ्यूचर के साथ 2019 के सौदे को दी गई मंजूरी को निलंबित करने के बाद यह विवाद आया है। आयोग ने अमेरिकी ई-कॉमर्स दिग्गज पर कथित तौर पर तथ्यों को छिपाने और नियामकीय मंजूरी लेने के दौरान गलत बयान देने के लिए 202 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया था।

फ्यूचर रिटेल ने सिंगापुर में मध्यस्थ न्यायाधिकरण में याचिका दायर कर तर्क दिया था कि अमेजन के खिलाफ सीसीआई के फैसले के मद्देनजर कार्यवाही जारी रखना अवैध होगा। हालांकि, ट्रिब्यूनल ने अंतिम सुनवाई शुरू करने से पहले अनुरोध पर विचार करने से इनकार कर दिया, इसके बाद फ्यूचर ग्रुप ने उच्च न्यायालय में याचिका दायर की है।
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वर्तमान याचिका में तर्क दिया गया है कि सिंगापुर ट्रिब्यूनल के समक्ष मध्यस्थता की, कार्यवाही की कोई कानूनी वैधता नहीं है, क्योंकि सीसीआई ने 2019 सौदे के लिए अनुमोदन को निलंबित कर दिया है। पिछले महीने, अमेजन ने सौदे में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा शुरू की गई जांच को चुनौती देते हुए दिल्ली उच्च न्यायालय का रुख किया था।

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