ई-20 ईंधन को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए प्रधानमंत्री को लिखा पत्र
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने ई-20 ईंधन को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए प्रधानमंत्री को पत्र लिखा है। पत्र में उन्होंने दो प्रमुख मांगें रखते हुए कहा कि केंद्र सरकार जनता को ईंधन का विकल्प उपलब्ध कराए।
पत्र में केजरीवाल ने लिखा कि लोकतंत्र में जनता की आवाज सुनी जानी चाहिए। पूरे देश में लोग ई-20 पेट्रोल से नाराज हैं। वाहन मालिकों का कहना है कि ई-20 भरने के बाद वाहनों का माइलेज काफी कम हो गया है और इंजन के पार्ट्स खराब हो रहे हैं। पत्र में उन्होंने पहली मांग रखते हुए कहा है कि हर पेट्रोल पंप पर शुद्ध पेट्रोल (ई-0 या ई-10) और ई-20 दोनों विकल्प उपलब्ध कराए जाएं, ताकि उपभोक्ता अपनी पसंद के अनुसार ईंधन चुन सकें। वहीं, दूसरी मांग में कहा है कि ई-20 का दाम शुद्ध पेट्रोल से कम रखा जाए, क्योंकि इसका माइलेज कम है। केजरीवाल ने प्रधानमंत्री से मुलाकात का समय मांगा है ताकि वे जनता के अनुभवों और तकनीकी समस्याओं को विस्तार से बता सकें। उन्होंने बताया कि आप ने प्रधानमंत्री के नाम एक ऑनलाइन पिटिशन शुरू की है, जिसमें लोग अपने अनुभव साझा कर सकते हैं। केजरीवाल ने पार्टी कार्यकर्ताओं और आम नागरिकों से अपील की कि वे पेट्रोल पंपों पर जाकर लोगों से बात करें, वीडियो बनाएं और सोशल मीडिया पर साझा करें ताकि सरकार पर दबाव बने। केजरीवाल ने पेपर लीक के विरोध में चल रहे ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के आंदोलन का समर्थन किया और केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग दोहराई है। केजरीवाल ने कहा कि बृहस्पतिवार की शाम 5 बजे वह सोनम वांगचुक के धरने का समर्थन करने जंतर-मंतर जाएंगे। उन्होंने सोनम वांगचुक से अनुरोध किया कि वे अपना भूख हड़ताल समाप्त करें।