केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की ओर से बारहवीं कक्षा के रिजल्ट तैयार करने के लिए जारी की गई मूल्यांकन नीति के तहत स्कूलों में मूल्यांकन का कार्य चल रहा है। इस दौरान स्कूलों को कई परेशानियां आ रही हैं। अब बोर्ड ने अनुपस्थित रहे विद्यार्थियों के संबंध में स्कूलों को दिशा-निर्देश जारी किए हैं। बोर्ड ने स्कूलों को स्पष्ट किया है कि मूल्यांकन केदौरान यदि कोई विद्यार्थी अनुपस्थित रहा है तो उसका रिजल्ट जारी नहीं होगा। ऐसे विद्यार्थियों को अंक देने की बजाए अनपुस्थित ही दिखाया जाए।
सीबीएसई की ओर से स्कूलों को स्पष्ट किया गया है कि ऐसे विद्यार्थियों को जीरो अंक देने की बजाए अनुपस्थित ही दिखाया जाए। स्कूलों से जानकारी मिल रही है कि कुछ विद्यार्थी लिस्ट ऑफ कैंडिडेट(एलओसी) जमा कराने केसमय स्कूल में पढ़ रहे थे। लेकिन अब विद्यार्थी ने टीसी(ट्रांसर्फर सर्टिफिकेट) ले लिया है। या वह अन्य किसी कारण( मृत्यु या नाम काटे गए मामले) से स्कूल का हिस्सा नहीं है। इस कारण से परीक्षा परिणाम गणना केलिए उपलब्ध नहीं है।
ऐसे सभी मामलों के लिए बोर्ड ने कहा कि ऐसे विद्यार्थियों को अनुपस्थित चिन्हित किया जाए। यह ध्यान दिया जाए कि इन छात्रों का डेटा उन्हें शून्य अंक देकर या उनकेनाम के आगे कुछ और उल्लेख करके प्रस्तुत नहीं किया जा सकता है। इसकेसाथ ही बोर्ड ने स्कूलों को निर्देश दिया है कि 11वीं के बेस्ट तीन विषयों का ही मूल्यांकन करना होगा।
विषय के बदलाव केसंबंध में बोर्ड ने स्कूलों को कहा है कि उन्हें सुनिश्चित करना होगा कि इसकेलिए सीबीएसई से पहले मंजूरी ली गई है। अब किसी बदलाव को स्वीकृत नहीं किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि बोर्ड की ओर से बारहवीं का रिजल्ट 31 जुलाई को घोषित किया जाना है।