बर्ड फ्लू के चलते गाजीपुर मंडी में मुर्गों की अवैध कटाई को रोकने की मांग करने वाली याचिका को हाइकोर्ट ने मुख्य याचिका के साथ संलग्न करते हुए सुनवाई 8 मार्च तय कर दी। पशुओं के अधिकार के लिए लड़ने वाली कार्यकर्ता गौरी मुलेखी ने दायर याचिका में कहा कि बिना किसी इंफ्रास्ट्रक्चर और लाइसेंस के गाजीपुर मुर्गा मंडी में अवैध कटाई के कारण बर्ड फ्लू और बढ़ने का खतरा है। याचिका में कहा गया है कि गाजीपुर मुर्गा मंडी में साफ-सफाई का बेहद अभाव है। ऐसे में अगर मुर्गा मंडी में अवैध कटाई को नहीं रोका गया तो मुर्गा मंडी बर्ड फ्लू का हॉट स्पॉट साबित हो सकती है।
इससे आम लोगों के स्वास्थ्य पर भी बुरा असर पड़ सकता है। गौरी मुलेखी ने हाईकोर्ट में पहले भी याचिका दायर कर रखी है, जिसमें गाजीपुर मुर्गा मंडी में मुर्गा काटने पर रोक लगाने की मांग की गई है। मुख्य न्यायाधीश डीएन पटेल व न्यायमूर्ति ज्योति सिंह की खंडपीठ ने सुनवाई करते हुए कहा कि याची ने पहले ही गाजीपुर मंडी में मुर्गो की अवैध रूप से कटाई को लेकर याचिका दायर की हुई है। ऐसे में वे दोनों याचिकाओं पर एक साथ सुनवाई करेंगी। बर्ड फ्लू के बढ़ते मामलों के ध्यानार्थ गाजीपुर मंडी में मुर्गों की अवैध रूप से हो रही कटाई रोकने के संबंधी में दायर याचिका पर सुनवाई के दौरान कहा कि अदालत ने पहले से ही अवैध कटाई पर रोक लगाई हुई है।
वहीं राजधानी में बर्ड फ्लू के प्रकोप के बीच पक्षियों की मौत का सिलसिला थम नहीं रहा है। मंगलवार तक दिल्ली में कुल 1216 पक्षियों की मौत के मामले सामने आए हैं। इनमें से 46 सैंपल की जांच की गई है, जिसमें 11 रिपोर्ट पॉजिटिव मिली हैं। दिल्ली सरकार की ओर से जारी हेल्पलाइन नंबर पर मंगलवार की शाम तक 742 कॉल प्राप्त हो चुकी हैं। इनमें अधिकतर कॉल कौवे की मौत के संबंध में दी गई हैं। दिल्ली में बर्ड फ्लू के मामले 11 से अधिक हो सकते हैं। गौरतलब है कि दिल्ली में बर्ड फ्लू के मद्देनजर संजय झील पार्क, हस्तसाल पार्क और द्वारका के पार्क को बंद रखा गया है।