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केजरीवाल ने कहा, अमेरिकी भी देखेंगे साप्ताहिक बाजार की खूबियां

Wed, 26 Aug 2020 01:27 AM IST
नोएडा ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
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साप्ताहिक बाजार के प्रतिनिधियों से मुलाकात करते दिल्ली के मुख्यमंत्री केजरीवाल... - फोटो : अमर उजाला
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आने वाले समय में दिल्ली के साप्ताहिक बाजारों की भी अमेरिका सराहना करेगा। हांगकांग और अन्य देशों की तरह यहां भी साप्ताहिक बाजार व्यवस्थित किए जाएंगे। सभी बाजारों को चांदनी चौक मॉडल पर ही विकसित करने की योजना दिल्ली सरकार बना रही है। यह बातें अपने निवास स्थान पर साप्ताहिक बाजार के प्रतिनिधियों के साथ मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहीं।

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केजरीवाल ने कहा कि देश में ऐसा माहौल बना दिया गया है कि साप्ताहिक बाजार और रेहड़ी-पटरी वाले एक समस्या हैं। उनकी वजह से सड़कें खराब होती हैं और गंदगी फैलती है। दिल्ली सरकार के पास इन बाजारों के लिए कई योजनाए हैं। कोरोना थोड़ा ठीक होने पर दोबारा विचार-विमर्श कर रेहड़ी-पटरी वाले, गरीब आदमी और साप्ताहिक बाजार वालों की समस्या खत्म की जाएगी।

लंदन और न्यूयार्क समेत सभी विकसित देशों में रेहड़ी-पटरी और बाजार लगते हैं। हांगकांग में सरकार साप्ताहिक बाजार लगाने वालों को प्रोत्साहित करती है। दिल्ली भी इसी मॉडल पर काम करेगी। अमेरिका से कोई पर्यटक आए तो वह साप्ताहिक बाजार में जरूर जाए जाएगा।
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टैक्स कम मिला, लेकिन सब्सिडी कम नहीं की
मुख्यमंत्री ने कहा कि बीते छह महीने सिर्फ दिल्ली के लिए नहीं, बल्कि पूरी दुनिया के लिए कठिन दौर था। एक ओर कोरोना की मार तो दूसरी ओर सभी काम-धंधे बंद होना। आमदनी के माध्यम बंद हो गए, लेकिन दिल्ली के दो करोड़ लोगों ने वाकई चमत्कार किया है। पिछले साल डेंगू को नियंत्रित किया और इस साल कोरोना को। पूरी दुनिया में दिल्ली मॉडल की चर्चा है। दिल्ली में प्लाज्मा का सबसे पहले ट्रायल किया गया। अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप ने एलान किया है कि वहां भी प्लाज्मा पर काम शुरू होगा। टैक्स कलेक्शन दिल्ली सरकार का कम हुआ, लेकिन बिजली-पानी पर सब्सिडी बंद नहीं की गई। आज भी पानी और बिजली फ्री है और महिलाओं की बसों में यात्रा भी मुफ्त है।

सामाजिक दूरी के लिए लगाएं वॉलंटियर
मुख्यमंत्री ने सचेत किया कि बाजारों में सामाजिक दूरी बेहद जरूरी है। बाजार में भीड़ बढ़ी तो फिर माहौल उलटा बन जाएगा। सभी साप्ताहिक बाजार की जो समितियां हैं, वह अपनी जिम्मेदारी लें। अभी ट्रायल के आधार पर बाजार खुला है। सभी एहतियात का पालन हुआ तो उपराज्यपाल से कहकर साप्ताहिक बाजार हमेशा के लिए खोल दिया जाएगा। बाजारों को खोलने के लिए दिल्ली सरकार ने कई प्रयास किए। केंद्र सरकार की अनुमति मिलने के साथ ही सभी चीजें खुलती चली गई। उपराज्यपाल से भी बात की गई। 10 दिन फाइल रुकने के बाद ही उपराज्यपाल राजी हुए। अब समितियों की जिम्मेदारी है कि वह अपने वॉलंटियर लगाकर सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराएं।

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