नई दिल्ली। जामिया मिल्लिया इस्लामिया में शनिवार से शैक्षणिक सत्र 2020-21 में स्नातक, स्नातकोत्तर समेत 126 कोर्स व डिप्लोमा में दाखिले के लिए प्रवेश परीक्षा शुरू हो गई, जो 22 नवंबर तक चलेगी। दाखिले के लिए इस वर्ष 217817 छात्रों ने ऑनलाइन आवेदन किया है।
जम्मू-कश्मीर, पंजाब, हरियाणा, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, तमिलनाडु, केरल, पश्चिम बंगाल, बिहार, राजस्थान समेत अन्य राज्यों में परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं, जो दो शिफ्टों में आयोजित की जा रही है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की कोविड-19 की विशेष एसओपी के तहत परीक्षा की गई। तीन परीक्षा केंद्र जामिया कैंपस में भी भी बनाए गए थे। सामाजिक दूरी के तहत एक कमरे में 12 छात्रों के बैठने की व्यवस्था की गई है।
विश्वविद्यालय प्रशासन के मुताबिक, 22 सितंबर को आयोजित एग्जीक्यूटिव काउंसिल के फैसले के तहत 2020 सत्र में प्रवेश परीक्षा से दाखिला देने का फैसला लिया गया था। इसी के तहत देशभर के प्रमुख शहरों में परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। केंद्र के बाहर छात्रों को तापमान जांचने और सैनिटाइज कराने के बाद ही परीक्षा में बैठने दिया गया। इस दौरान छात्रों को पानी की बोतल और छोटा सैनिटाइजर लाने की अनुमति दी गई। यदि किसी विद्यार्थी के शरीर का तापमान अधिक या फिर उसे किसी तरह की दिक्कत थी तो उन्हें अलग आइसोलेशन रूम में बैठने की सुविधा भी दी गई।
अभिभावकों के लिए इंतजार कक्ष की सुविधा
कोविड-19 के चलते पहली बार राष्ट्रीय स्तर की प्रवेश परीक्षा में अभिभावकों के लिए इंतजार कक्ष की सुविधा दी गई। दूरदराज इलाकों से छात्रों खासकर महिला परीक्षार्थियों के अभिभावकों को ध्यान में रखकर इंतजार कक्ष (वेटिंग रूम) बनाए गए। यहां सामाजिक दूरी का ध्यान रखते हुए उनके लिए बैठने की व्यवस्था की गई।
हेल्प डेस्क और स्वयंसेवक तैनात
छात्रों की सुविधा के लिए जामिया कैंपस में हेल्प डेस्क बनाया गया था। इसमें अलग-अलग परीक्षा केंद्रों के साथ अलग-अलग टीम ने समन्वय करके मदद की। सभी केंद्रों पर एनएसएस स्वयंसेवक भी तैनात किए गए थे, जो कि छात्रों को जानकारियां मुहैया करा रहे हैं। यदि किसी छात्र को परीक्षा से संबंधित कोई परेशानी होती है तो वह 011-26987338, 9836219994 और 9836289994 पर कॉल और admission@jmi.coe.in पर ई-मेल कर मदद ले सकता है।