दिल्ली डायलॉग कमीशन (डीडीसी) के पूर्व सचिव आशीष जोशी को हटाने को लेकर नया कारण सामने आया है। डीडीसी के उपाध्यक्ष आशीष खेतान की ओर से मुख्यमंत्री केजरीवाल को लिखे एक पत्र की माने तो जोशी को कार्यालय परिसर में गुटखा खाने और सिगार पीने की वजह से हटाया गया है।
यह भी आरोप है कि जोशी ने एक एनजीओ के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई और साथ ही दूरसंचार के पूर्व सचिव चंद्रशेखर को भ्रष्ट बताया। पत्र में आरोप लगाया गया है कि वह कई बार सबके सामने भी गुटखा खाते थे।
हालांकि जोशी ने इन आरोपों को खारिज किया है। उनके मुताबिक वह कार्यालय में इसका सेवन नहीं करते थे। बताते चलें कि जोशी को पहले ही डीडीसी के सचिव पद से हटा दिया गया है।
इंडियन पोस्ट एंड टेलीकॉम सर्विस से तीन साल के लिए डेपुटेशन पर दिल्ली सरकार में आए आशीष जोशी को उनके मूल कैडर में नौ माह के अंदर ही भेज दिया गया। उन्हें हटाने को लेकर अलग-अलग कयास लगाए जा रहे थे।
खेतान ने सीएम केजरीवाल को लिखा पत्र
मगर अब आशीष खेतान के नए पत्र से जोशी को हटाने के पीछे तीन प्रमुख कारण सामने आए हैं। इनमें पहला एक एनजीओ के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराना, दूरसंचार के पूर्व सचिव चंद्रशेखर को भ्रष्ट बताना, ऑफिस में गुटखा खाना, सिगार पीने के साथ मीडिया को खबरें लीक करना भी शामिल है।
खेतान ने यह शिकायत सीएम से की थी, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई। वहीं, इस मामले पर आशीष जोशी की माने तो वे गुटखा खाते हैं लेकिन ऑफिस में नहीं। मीडिया से भी अनौपचारिक बातचीत करते हैं ताकि सही जानकारी मिले।
खेतान ने उनसे कार्यकर्ताओं की नियुक्ति की सिफारिश की थी, जिस पर उन्होंने साफ मना कर दिया। इसी वजह से रात नौ बजे डेपुटेशन से हटाने का पत्र भेजा गया। सुबह चार्ज सौंपने जब वह कार्यालय गए तो पता चला कि सरकारी गाड़ी भी उनसे छीन ली गई।