हाईकोर्ट ने जमानत पाने के बाद सजा से बचने के लिए आरोपी ने स्वयं की मौत का दिखावा किया। उसके परिवार के सदस्यों ने भी बरामद अज्ञात शव की शिनाख्त कर उसका अंतिम संस्कार कर दिया।
उधर असलियत खुलने के बाद आरोपी की तलाश शुरू हुई व यूपी के कई पुलिसकर्मी लपेटे में आ गए। अब हाईकोर्ट ने दिल्ली पुलिस को भी आरोपी व उसके परिवार से मिलीभगत करने वाले पुलिसकर्मियों का पता लगाकर कार्रवाई का निर्देश दिया है।
न्यायमूर्ति कैलाश गंभीर व न्यायमूर्ति सुनीता गुप्ता की खंडपीठ ने यूपी पुलिस की रिपोर्ट का अध्ययन करने के बाद पूर्व दिल्ली जिला पुलिस उपायुक्त को सीलमपुर थाने के पुलिसकर्मियों की भूमिका की जांच का निर्देश दिया है।