नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेले में पहले दिन से छूट पर किताबें मिल रहीं। कहीं 100 रुपये में कोई भी किताब मिल रही तो कहीं 100 रुपये में लोग दो किताब खरीद रहे हैं। अयोध्या में भगवान रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद पुस्तक मेले में भी राम पर केंद्रित किताबों के प्रति लोगों का आकर्षण बढ़ा है। खास बात ये है कि मेले में प्रकाशक भी राम पर लिखी खूब सारी किताबों के साथ आए हैं।
विश्व पुस्तक मेले में हाल नंबर 2 में प्रभात प्रकाशन के स्टॉल नंबर एम-1 पर भगवान राम पर लिखी कई किताबें हैं। प्रभात प्रकाशन के निदेशक पीयूष कुमार ने बताया, अयोध्या में भगवान रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद भगवान राम पर केंद्रित पुस्तकों के बारे में और ज्यादा दिलचस्पी जगी है। इसलिए इस साल वे भगवान राम और अयोध्या पर आधारित बहुत सारी किताबें लेकर आए हैं।
राय बहादुर लाला सीताराम की किताब अयोध्या का इतिहास, फजले गुफरान की किताब मेरे राम सबके राम, हेमंत शर्मा की किताब युद्ध में अयोध्या, नीरजा माधव की किताब राम कौन हैं, डॉ शंकरलाल पुरोहित की किताब रामकथा के नए आयाम और पवन कुमार की लिखी सुप्रीम कोर्ट में रामलला सहित अनेकों ऐसी किताबें उपलब्ध हैं, जिनमें अयोध्या और भगवान राम को अलग अलग नजरिए से प्रस्तुत किया गया है।
डिजिटल लर्निंग कंटेंट की भरमार
मेले में इस बार सामान्य किताबों के साथ डिजिटल लर्निंग कंटेंट की भरमार है। प्रकाशक हाईब्रीड लर्निंग और किताबों के डिजिटल फॉर्मेट को स्कूली बच्चों तक पहुंचाना चाह रहे। ब्लुगेट पब्लिशर्स के मैनेजिंग डायरेक्टर विकास शर्मा ने बताया, ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यम में बच्चों को लर्निंग कंटेंट दे रहे। ताकि वह अपनी सुविधा के मुताबिक पढ़ सकें।