अप्रैल में परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने सोसाइटी फॉर ड्राइविंग ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट (एसडीटीआई), बुरारी में महिलाओं को उनके भारी मोटर वाहन (एचएमवी) लाइसेंस प्राप्त करने के लिए मिशन परिवर्तन अभियान की शुरुआत की थी। इसके तहत एचएमवी श्रेणी के ड्राइविंग लाइसेंस प्राप्त करने के लिए 180 महिला उम्मीदवारों को प्रशिक्षण शुरू किया जा सके। अब तक 76 महिलाओं ने इस प्रशिक्षण को पूरा कर लिया है जबकि 35 ने अपने एचएमवी लाइसेंस हासिल कर लिए हैं। इनमें से पांच महिलाएं वर्तमान में दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) प्रशिक्षण केंद्र, नंदनगरी में बस चालक के रूप में शामिल होने के लिए प्रशिक्षण ले रही हैं। 6 महिलाओं को पहले ही परिवहन बेड़े में बस चालक के रूप में शामिल किया जा चुका है। दिल्ली में सार्वजनिक बसों में महिलाओं को मुफ्त यात्रा के लिए पिंक पास भी प्रदान किए जाते हैं।
परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत ने कहा कि पिछले कुछ महीनों में परिवहन क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए कई पहल की हैं। इसका उद्देश्य महिलाओं को प्रोत्साहित करना है। महिलाओं को डीटीसी में बस चालक के रूप में शामिल किया है और अब दिल्ली की सड़कों पर परिवहन के विभिन्न सार्वजनिक साधनों के लिए बड़ी संख्या में महिलाएं ड्राइवर के रूप में दिखाई देंगी।