दिल्ली के यमुनापार क्षेत्र पांडव नगर में रविवार को एक महिला ने भाई के कर्ज से परेशान होकर फांसी लगा ली। लेकिन ताज्जुब की बात ये है कि कर्ज महिला पर नहीं बल्कि उसके भाई पर था।
पांडव नगर मामले में मृतका की शिनाख्त राजजीत कौर (35) के रूप में हुई है। राजजीत ने एक सप्ताह पहले ही इंदिरापुर निवासी विशाल कोचरी से विवाह किया था।
रविवार को उसने पांडव नगर पॉकेट-5 स्थित अपनी आंटी के घर फांसी लगा ली। हालांकि महिला के पास मिले सुसाइड नोट से सारी बात स्पष्ट हो गई क्यों भाई के कर्ज में डूबे होने से इस बहन फांसी लगा ली।
क्या है सुसाइड के पीछे की असली कहानी?
महिला के पास मिले सुसाइड नोट में पूरे मामले का खुलासा हो गया। दरअसल मामला भाई के कर्ज में डूबने से अधिक बहन की शर्मिंदगी और कर्जदाताओं की ओर से उसे परेशान करने का था।
असल में महिला ने अपने व्यवहार पर भाई को कर्ज दिलाया था। लेकिन काफी समय गुजरने के बाद भी भाई वह कर्ज चुका नहीं पा रहा था। ऐसे में कर्जदाता महिला के भाई से कर्ज मांगने की बजाय महिला को ही परेशान कर रहे थे।
लेकिन इससे वह इतना परेशान हो जाएगी कि फांसी लगा लेगी इसका अंदाजा किसी को नहीं था। सुसाइड नोट में उसने बताया कि कुछ सालों पहले उसने अपने भाई को कर्जा दिलवाया था। भाई उसे चुका नहीं पा रहा था और कर्जा देने वाले लोग उसे परेशान कर रहे थे।
इसी इलाके में 12वीं के छात्र भी लटका
मधु विहार इलाके में 12वीं कक्षा के छात्र ने फांसी लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली।
वहीं मधु विहार मामले में मृतक की शिनाख्त संदीपदास (19) के रूप में हुई है। संदीप परिवार के साथ जोशी कालोनी, मंडावली में रहता था। इसके परिवार में पिता परिमलदास व अन्य सदस्य हैं।
संदीप पास के सरकारी स्कूल में पढ़ता था। सोमवार को उसने घर में फांसी लगा ली। पुलिस परिजनों से पूछताछ कर आत्महत्या के कारणों का पता लगाने का प्रयास कर रही है।