राजधानी दिल्ली में केंद्रीय मंत्री गोपीनाथ मुंडे मौत के बाद सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौत को लेकर सरकार से ठोस कदम उठाए जाने की मांग उठने लगी है।
डेढ़ महीने पहले मेदांता के डॉक्टर और उसकी चार वर्षीय बेटी की गुड़गांव में सड़क हादसे में हुई मौत के बाद उसकी विधवा पत्नी ने पीएम नरेंद्र मोदी को चिट्ठी लिखकर सरकार से ठोस कदम उठाए जाने की मांग की है।
पीएमओ को लिखी चिट्ठी कहा कि इसके लिए कड़े कानूनी प्रावधान बनाए जाए। गौरतलब है कि 21 अप्रैल को रेल विहार के सोसायटी में रहने वाले मेदांता अस्पताल के डॉक्टर पंकज अपनी चार वर्षीय बच्ची को स्कूल छोड़ने के लिए जा रहे थे।
इस दौरान सोसायटी के मुख्य गेट के सामने से अचानक तेज रफ्तार में आई सिटीबस ने दोनों को चपेट में ले लिया। जिनकी मौत हो गई।
मृतक डॉक्टर पंकज गुप्ता की विधवा पत्नी ज्योति गुप्ता ने पीएमओ को चिट्ठी लिख केंद्रीय मंत्री गोपीनाथ मुंडे समेत देशभर में हुए ऐसे सड़क हादसों के उदाहरण दिए है।
जिसमें पीड़ित परिवार को आर्थिक और कानूनी परेशानियां झेलनी पड़ती है जबकि कानूनी प्रावधान की वजह से आरोपी जल्द ही बाहर आ जाते है।
इस संबंध में शुक्रवार को स्वयंसेवी संस्था सेव लाइफ के साथ मिलकर उन्होंने देशभर से पीएमओ को चिट्ठी भेजी है। जिसमें इन उदाहरणों के अलावा सिटी में सड़क दुर्घटना मौत के आंकड़ों का भी जिक्र किया।
उन्होंने कहा कि मेरी तरह न जाने कितनी महिलाएं हर रोज ऐसी परेशानियों को झेलती है। इसके लिए सरकार सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए जरुरी कदम उठाए।