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केजरीवाल ने भगाया, तो गुड़गांव पहुंच गए वो

Thu, 09 Jan 2014 04:01 PM IST
अमर उजाला, गुड़गांव
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दिल्ली में टैंकर माफियाओं के खिलाफ केजरीवाल सरकार के कड़े रुख के बाद पानी के तस्करों ने गुड़गांव और फरीदाबाद का रुख कर लिया है।
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दिल्ली के सीमावर्ती इलाकों में अब इन दोनों शहरों से टैंकरों से पानी की सप्लाई का कारोबार जोर पकड़ रहा है। गुड़गांव सहित एनसीआर के दूसरे शहरों में पानी की तस्करी एक बड़ा कारोबार है।

इस कारोबार से बड़ी-बड़ी नामचीन हस्तियों के साथ सफेदपोश भी जुड़े हैं। चूंकि पूरे क्षेत्र में बड़े पैमाने पर निर्माण कार्य हो रहे हैं, ऐसे में टैंकरों से पानी सप्लाई कर पानी की भरपाई की जाती है। सर्वविदित है कि अवैध बोर पर सुप्रीम कोर्ट की पाबंदी है। इस पाबंदी के बाद से लुके-छिपे टैंकरों से पानी की तस्करी का कारोबार किया जाता है।
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अब चूंकि दिल्ली में अरविंद केजरीवाल सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए इस पर लगाम लगाने की तैयारी कर ली है, ऐसे में दिल्ली के पानी तस्करों के साथ गुड़गांव और फरीदाबाद के पानी तस्कर भी उक्त दो शहरों में सक्रिय हो गए हैं।

गुड़गांव से दिल्ली की पहुंच पांच दिशाओं से है। फरीदाबाद से तीन बॉर्डर क्रॉस कर दिल्ली में प्रवेश किया जा सकता है। इन दोनों शहरों से दिल्ली के सीमावर्ती हिस्सों में पहले भी टैंकरों से पानी सप्लाई होता था। अब यह और बढ़ने के आसार हैं।

हर महीने करीब 50 मामले होते हैं दर्ज
अकेले गुड़गांव में हर महीने औसतन 50 के करीब अवैध बोरवेल के मामले दर्ज होते हैं। प्रशासन की अनुशंसा पर पुलिस अवैध बोरवेल करने वालों पर मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार भी कर रही है, लेकिन शहर के बाहरी हिस्सों में अभी धडल्ले से अवैध बोरवेल से टैंकरों में पानी भरा जा रहा है। मानेसर, पटौदी, बजघेड़ा और दौलताबाद की ओर बड़ी संख्या में अभी अवैध बोरवेलों से टैंकरों में पानी भरा जाता है।
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सीमावर्ती इलाकों में पेट्रोलिंग बढ़ेगी
नगर निगम के कमिश्नर डॉ. प्रवीण कुमार भी स्वीकार करते हैं कि अवैध बोरवेल पर पूरी तरह पाबंदी नहीं लग पाई। दिल्ली में सख्ती के बाद उन्होंने भी ऐसी संभावना जताई है। उन्होंने कहा कि दिल्ली के सीमावर्ती इलाकों में पेट्रोलिंग बढ़ाई जाएगी। अलग से टीम बनाकर निगरानी कराई जाएगी। हालांकि प्रशासन की ओर से पहले से ही एक टीम बनाई गई है।
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