डीपीएस में साढ़े तीन साल की बच्ची से दुष्कर्म के मामले में महिला जांच अधिकारी व काउंसलर ने खेल-खेल में घटना के दिन की बच्ची से जानकारी लेते हुए बयान दर्ज किए हैं। बच्ची को छोटी गुड़िया और कैप लगाए बड़ा गुड्डा देकर खेलने को कहा गया।
कुछ देर में ही बच्ची ने न केवल लाइफ गार्ड चंडीदास की दरिंदगी बयां कर दी, बल्कि घटना का स्थान भी बता दिया। बच्ची ने कहा कि ये लिटिल डॉल मैं और ये कैप वाला डर्टी अंकल। बताते-बताते वह सहम गई।
बच्ची की आयु और उसकी मनोदशा के मद्देनजर पुलिस ने घटना के कई दिन तक बयान दर्ज नहीं किए थे। अब, पुलिस सूत्रों ने जानकारी दी है कि पीड़ित बच्ची के काउंसलर के जरिये बयान दर्ज कर लिए गए हैं।
बताया गया है कि बच्ची को घटना की जानकारी देने में कोई परेशानी न हो, इसके लिए सादे कपड़ों में महिला जांच अधिकारी और काउंसलर उसके घर गए थे। दोनों ने बच्ची से बातों-बातों में पहले दोस्ती की। जब बच्ची उनसे घुल मिल गई, तब उसे गुड़िया और कैप लगाकर आरोपी लाइफ गार्ड की तरह दिखने वाला गुड्डा दिया।