फरीदाबाद के नीमका जेल में सोमवार देर शाम दो गुटों में खूनी संघर्ष हुआ। हिंसक झड़प का कारण जेल में वर्चस्व की लड़ाई को बताया जा रहा हैं। झड़प में दोनों गुटों के छह लोग घायल हो गए।
घटना के बाद जेल प्रशासन के हाथ पांव फूल गए। सभी घायलों को बीके सिविल अस्पताल लाया गया। दो बंदियों की बंदियों की हालत नाजुक बनी हुई है, इन्हें दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल रेफर कर दिया गया है।
सोमवार रात करीब 9 बजे बंदियों को बैरकों में ले जाया जा रहा था। इस दौरान दो गुट आपस में भिड़ गए। एक गुट के सदस्यों ने नल का पाइप तोड़ लिया और दूसरे गुट के सदस्यों पर हमला कर दिया।
दूसरे गुट के सदस्यों ने भी पेड से डंडे तोड़कर जवाबी हमला कर दिया
नीमका जेल
- फोटो : अमर उजाला
दूसरे गुट के सदस्यों ने भी पेड़ से डंडे तोड़कर जवाबी हमला कर दिया। मारपीट की खबर सुनकर जेल में हड़कंप मच गया। इस झड़प की वजह छायासां और मुजैड़ी दो गुटों के बीच वर्चस्व की लड़ाई को बताया जा रहा है।
बताया जा रहा है कि एक गुट के कुछ लोगों ने जेल में बंद सजायाफ्ता बंदियों से जबरन वसूली की कोशिश की, इसको लेकर दोनों पक्षों में इसको लेकर विवाद बढ़ गया। कुछ दिन पहले भी इन दोनों गुटों में झगड़ा हुआ था।
सोमवार शाम को एक गुट के ललित, विकास और शक्ति दूसरे गुट की शिकायत लेकर कर जेल अधीक्षक के पास गए थे। जैसे ही वे शिकायत करके वापस लौट रहे थे, तभी मुजेड़ी ग्रुप के कुछ लोगों ने लोहे के पाईप से उन पर हमला कर दिया। विरोधी ग्रुप ने भी अपने बचाव के लिए हमला बोल दिया।
घायलों को सफदरजंग अस्पताल रेफर कर दिया गया
झगड़ा बढ़ता देख जेल में हड़कंप मच गया। जेल प्रशासन ने हालात संभालने की कोशिश की। इस मामले की सूचना थाना सदर बल्लभगढ़ को दी गई। पुलिस फोर्स ने मौके पर पहुंचर हालात पर काबू पाया। घायलों को बीके सिविल अस्पताल भेजा गया।
जहां से गंभीर रूप से दो घायलों को सफदरजंग अस्पताल रेफर कर दिया गया है। वहीं, दूसरे पक्ष के घायलों को भी बीके अस्पताल में भर्ती कराया गया। अस्पताल में पुलिसकर्मियों की तैनाती कर दी गई है। पुलिस ने अभी केस दर्ज नहीं किया है।
पुलिस का कहना दहै कि शिकायत मिलने पर केस दर्ज किया जाएगा। जेल अधीक्षण दीपक शर्मा ने बताया कि दो गुटों में मनमुटाव चला आ रहा है। झगड़े की वजह का पता लगाई जा रही है।