मंगलवार को जिला एवं सत्र न्यायालय ने जिले के दो अलग-अलग मामलों में
अहम फैसला सुनाते हुए पांच आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
इनमें एक मामले में दो सगे भाई-बहन भी शामिल हैं। दूसरे मामले में तीन
आरोपियों पर एक-एक लाख रुपये का आर्थिक जुर्माना भी लगाया गया है।
तावडू थाना क्षेत्र का पहला मामला उक्त अदालत में रपट संख्या 500/2014 के
तहत आईपीसी की धारा 302, 34 और 201 के तहत दर्ज था। यह मामला राज्य सरकार
बनाम अनिल वगैरा के विरुद्ध चल रहा था।
माननीय अदालत ने मंगलवार को देर शाम
अपना अहम फैसला सुनाते हुए इस मामले में अनिल उर्फ सुनील उर्फ सोनू पुत्र
कृष्ण, चमन पुत्र सोनू और अशोक उर्फ कबूतर पुत्र फकीरा को 7 दिसंबर 2014 को
हुई एक वारदात के लिए दोषी करार देते हुए तीनों को आजीवन कारावास और एक-एक
लाख रुपये के आर्थिक जुर्माने की सजा सुनाई। तीनों गांव राठीवास के निवासी
हैं।
उधर एक अन्य मामले में इसी अदालत ने
राज्य सरकार बनाम हाकम वगैरा में भी अपना अहम फैसला सुनाया। इसमें हाकम और
उसकी सगी बहन वरीसा के विरुद्ध आरोप सिद्ध होने के बाद आजीवन कारावास की
सजा सुनाई गई।
इस मामले में मेवात के तावडू
थाने में रपट संख्या 272/2014 दर्ज है। बता दें कि इन दोनों मामलों के
पांचों आरोपी पुलिस हिरासत में थे। सजा सुनाने के बाद अदालत ने इनको
न्यायिक हिरासत में भोंडसी जेल भेज दिया।