कोविड, राष्ट्रीय या अन्तरराष्ट्रीय खेल या ओलम्पियाड में भाग लेने के कारण टर्म1 की परीक्षा नही देने वाले बच्चों के प्रदर्शन को जारी नही किया गया है। ऐसे छात्रों का रिजल्ट टर्म2 परीक्षा में उनके प्रदर्शन के आधार पर जारी किया जाएगा। टर्म-1 में प्रश्न पत्रों में कठिनाई के स्तर को देखने के लिए कोई भी कदम अंतिम रूप में तैयार होने वाले परिणाम के समय उठाया जाएगा।
बोर्ड ने शुरू किया ऑनलाइन निवारण तंत्र
दसवीं की तरह ही बोर्ड ने 12वीं के टर्म-1 परीक्षा में किसी भी विवाद को हल करने के लिए ऑनलाइन विवाद निवारण तंत्र शुरू कर दिया है, जिस पर स्कूल अपनी शिकायत भेज सकते हैं। स्कूल इस सुविधा का लाभ 31 मार्च तक ले सकते हैं।
कंपार्टमेंट आने पर बच्चों की कंपार्टमेंट की परीक्षा टर्म-2 के पाठ्यक्रम के हिसाब से ली जाएगी। पत्राचार को प्राइवेट रूप में बैठने वाले छात्रों को कम वन की परीक्षा में बैठने का अवसर नहीं मिला है छात्र अब टर्म-2 की परीक्षा में बैठ सकेंगे। बोर्ड ने 62 स्कूलों को उनके छात्रों का प्रदर्शन प्रोविजनल बताया है।