परिवहन निगम ने मौसम खराब होने के बावजूद बसों का टाइम बदलने की प्रक्रिया एक सप्ताह के लिए टाल दी है। पहले सात दिसंबर से बसों का सर्दियों का संचालन समय लागू करने की तैयारी थी।
शादी-विवाह का सीजन चलने से इसको अब 15 दिसंबर तक के लिए टाल दिया गया है। फिलहाल सभी शहरी रूटों पर बसें गर्मियों की टाइमिंग के हिसाब से ही मिलती रहेंगी।
रोडवेज बसों के संचालन का समय सर्दियों और गर्मियों में अलग-अलग होता है। गर्मियों में सुबह को बसें जल्दी चलनी शुरू हो जाती हैं और रात में देर तक चलती हैं। सर्दियों में सुबह जल्दी और रात को देर तक यात्री नहीं मिलते हैं।
इसके चलते बसों का टाइमिंग चेंज कर दिया जाता है। बसों का टाइमिंग स्थानीय रूट पर चलने वाली बसों पर लागू होता है, जबकि लांग रूट पर चलने वाली बसें दिनरात चलती रहती हैं।
एआरएम कार्मिक अतुल श्रोत्रिय ने बताया कि रोडवेज बसों का संचालन गर्मियों में सुबह पांच बजे शुरू हो जाता है। रात में साढ़े 10 बजे तक बसें रुटीन में चलती हैं। इसमें बदलाव करने की तैयारी सात दिसंबर से थी।
फिलहाल शादियों का सीजन चल रहा है। ऐसे में यात्रियों को देर रात तक बसों की जरूरत पड़ती है। इसके चलते बदलाव करने का निर्णय 15 दिसंबर तक टाल दिया गया है।
15 दिसंबर के बाद बसें सुबह सात बजे से चलनी शुरू होंगी और रात में साढ़े नौ बजे तक ही चलेंगी। फिलहाल ग्रामीण रूट पर चलने वाली बसों का संचालन शाम छह बजे तक ही करने का निर्णय लिया गया है।