राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (एनसीपीसीआर) की दो टीमों ने पिछले साल अक्तूबर में दक्षिणी दिल्ली में सेंटर फॉर इक्विटी स्टडीज द्वारा स्थापित 'उम्मीद अमन घर फॉर बॉयज' और 'खुशी रेनबो होम फॉर गर्ल्स' का निरिक्षण किया था।
एनसीपीआर ने अपनी निरीक्षण रिपोर्ट में कहा है कि निरीक्षण के समय संस्था द्वारा यह बताया गया कि यौन उत्पीड़न का कोई मामला सामने नहीं आया है, ना ही बाल अधिकारों के उल्लंघन का कोई मामला सामने आया है।
हालांकि विभिन्न स्त्रोतों के माध्यम से आयोग को पता चला था कि साल 2012, 2013 और 2016 में इन होम शेल्टरों में बाल यौन शोषण से संबंधित कई मामले सामने आए हैं।
एनसीपीआर ने दक्षिणी दिल्ली में उम्मीद अमर घर फॉर बॉयज की निरीक्षण रिपोर्ट में कहा है कि इस मामले के बारे में कर्मचारियों और प्रभारी द्वारा दी गई प्रतिक्रिया भ्रामक और गलत है। जो एक गंभीर उल्लंघन और अपराध है।