उत्तरी दिल्ली के वजीराबाद इलाके में बुधवार शाम को मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज के जिस लैब टेक्नीशियन ने फांसी लगाई थी, जांच में वह कोरोना पॉजिटिव पाया गया।
इसका पता चलते ही वजीराबाद थाने में अफरा-तफरी मच गई। लैब टेक्नीशियन का शव मोर्चरी पहुंचाने वाले पांच पुलिसकर्मियों को क्वारंटीन कर दिया गया है। पुलिस अधिकारियों की मानें तो शुक्रवार शाम को लैब टेकनीशियन की रिपोर्ट आई, जिसमें उसके कोरोना संक्रमित होने का पता चला।
53 साल का लैब टेक्नीशियन परिवार के साथ मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज परिसर में बने सरकारी क्वॉर्टर में रहता था। उसकी ड्यूटी कोविड टेस्ट लैब में थी। उसका वजीराबाद के संगम विहार इलाके में खुद का भी मकान है।
परिवार को सुरक्षित रखने की वजह से दस दिन से लैब टेक्नीशियन वजीराबाद वाले मकान में रह रहा था। बुधवार को उसने फांसी लगा ली थी। पुलिसकर्मियों ने भी लापरवाही बरतकर उसका शव ऐसे ही उतारकर मोर्चरी भेज दिया।
इधर जब उसके नमूने लेकर कोरोना संक्रमण की जांच की गई, तो वह पॉजिटिव पाया गया। आशंका व्यक्त की जा रही है कि शायद लैब टेक्नीशियन को इसका पता चल गया था, इसी वजह से उसने यह कदम उठाया।