स्वराज अभियान ने रविवार को आम आदमी पार्टी (आप) पर बड़ा हमला बोला है। अभियान का आरोप है कि नशाखोरी रोकने के चुनावी वायदे के साथ आयी आप सरकार दिल्ली में शराब माफियाओं के हक में काम कर रही है।
महज सवा साल के भीतर दिल्ली में 58 नये शराब के ठेकों के लाईसेंस दे दिये गये। अभियान ने चेतावनी दी है कि दस अगस्त तक अगर सरकार ने रिहायशी इलाकों में चल रहे शराब के ठेकों को बंद नहीं कराया तो स्वराज अभियान इस मसले पर बड़ा आंदोलन शुरू करेगा।
स्वराज अभियान पार्टी निर्माण समिति के संयोजक अजीत झा और कार्यकारिणी सदस्य अनुपम ने रविवार को पटेल नगर स्थित अभियान के कार्यालय में मीडिया से बात करते हुये कहा कि पहले आप के स्वराज बिल में प्रावधान था कि शराब के ठेकों को खोलने या बंद करने का अंतिम फैसला आरडब्लूए, मोहल्ला या ग्राम सभाओं के हाथ में होगा।
लेकिन सरकार बनने के बाद इसे कूड़ेदान में डाल दिया गया। आज दिल्ली में धड़ाधड़ शराब की दुकानें खुल रही हैं। यहां तक कि विरोध करने पर आप विधायक लोगों को छह-छह शराब की दुकानें खुलवा देने की धमकी भी दे रहे हैं।