डीजल टैक्सी ड्राइवरों के विरोध और लगातार दूसरे दिन जगह-जगह जाम के कारण हो रही आम लोगों को हो रही परेशानी को देखते हुए दिल्ली सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से डीजल टैक्सियों को सड़कों से हटाने के लिए और समय देने की गुहार की है।
सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली सरकार को दो दिनों के भीतर यह बताने के लिए कहा है दिल्ली-एनसीआर से डीजल टैक्सियों को हटाने केलिए उसकेपास क्या योजना है। हालांकि पीठ ने कहा कि जब कभी भी इस तरह केफैसले लिए जाते हैं तो लोगों को असुविधा होती है।
दोपहर बार दिल्ली सरकार की ओर से वरिष्ठ वकील सीयू सिंह ने चीफ जस्टिस टीएस ठाकुर की अध्यक्षता वाली पीठ केसमक्ष विशेष उल्लेख करते हुए कहा कि डीजल टैक्सियों को सड़कों से हटाने के लिए उन्हें और मोहलत दी जाए।
वरिष्ठ वकील ने कहा कि टैक्सी ड्राइवरों के विरोध और उनकेद्वारा जगह-जगह जाम लगाए जाने से आम लोगों को परेशानी हो रही है। उन्होंने बताया कि 30 हजार डीजल कैब सड़कों से हट जाने से राजधानीवासियों को समस्या हो रही है।