दिल्ली सरकार ने हाईकोर्ट को बताया कि वह ऑटो रिक्शा पर विज्ञापन पर अपनी नीति बदलने के खिलाफ नहीं है। इस मुद्दे पर अंतिम निर्णय लेने से पहले ही परिवहन मंत्री ने इस्तीफा दे दिया था। अब वर्तमान मंत्री को निर्णय लेना है।
न्यायमूर्ति बदर दुरेज अहमद और विभु बाखरु की खंडपीठ सरकार की विज्ञापन नीति को चुनौती देने वाली दो जनहित याचिकाओं पर सुनवाई कर रही है।
इन याचिकाओं में ऑटो पर राजनीतिक विज्ञापन लगाने पर रोक लगाने संबंधी निर्णय को चुनौती दी गई है। अदालत ने इन याचिकाओं पर अपना फैसला सुरक्षित रखा हुआ है। साथ ही सरकार से पूछा था कि क्या सरकार इस मुद्दे पर विचार करना चाहेगी।