स्वाति मालीवाल ने शनिवार को देर शाम बसों में सफर करने व घर पहुंचने के दौरान होने वाली दिक्कत का पता करने के लिए महिलाओं से बात की। इस दौरान उन्होंने बस में सफर करके महिलाओं को होने वाली दिक्कत का जायजा लिया।
दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने लगातार दूसरे दिन देर शाम को महिलाओं की सुरक्षा के संबंध में सड़कों पर स्ट्रीट लाइट, बस स्टापों पर रोशनी और बसों में सफर की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने अपनी सहयोगी वंदना सिंह के साथ बाहरी दिल्ली के नांगलोई-नजफगढ़ रोड पर दस्तक दी। इस दौरान उनको पूरा रोड व बस स्टाप अंधेरे में डूबे मिले। इस मामले में उन्होंने दिल्ली सरकार को नोटिस जारी के स्ट्रीट लाइट सही करने के आदेश जारी किया।
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स्वाति मालीवाल ने शनिवार को देर शाम बसों में सफर करने व घर पहुंचने के दौरान होने वाली दिक्कत का पता करने के लिए महिलाओं से बात की। इस दौरान उन्होंने बस में सफर करके महिलाओं को होने वाली दिक्कत का जायजा लिया। इसके अलावा महिलाओं से पूछा कि वह बस सफर करने के दौरान स्वयं को सुरक्षित समझती है? इसी तरह उन्होंने बस स्टाप पर बस का इंतजार कर रही महिलाओं से घर जाने के दौरान होने वाली दिक्कत के बारे में मालूम किया।
बस में युवतियों ने उनको बताया कि देर शाम उन्हें डर लगता है, क्योंकि उनकी सुरक्षा का कोई इंतजाम नहीं है। इसके अलावा सड़कों पर भी अंधेरा रहता है। इसी तरह बस स्टाप पर खड़ी महिलाओं ने बताया कि उन्होंने करीब एक साल से रोड की स्ट्रीट लाइट जलती हुई नहीं देखी है। इसी तरह बस स्टाप पर रोशनी की व्यवस्था नहीं है। इस कारण उन्हें अपने साथ अपराधिक घटना हो जाने का डर सताता रहता है। कई बस वाले स्टाप पर बस भी नहीं रोकते है और इस वाक्या से स्वाति मालीवाल भी बापरौला स्कूल के स्टाप पर महिलाओं से बात करने के दौरान रूबरू हुई। इस दौरान एक बस आई, लेकिन स्टाप पर नहीं रूकी।
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स्वाति मालीवाल ने इस रोड पर जायजा लेने के बाद कहा कि वह दिल्ली सरकार को नोटिस जारी कर रही है। वह दिल्ली सरकार से मांग करेंगी कि इस रोड पर लगी सभी स्ट्रीट लाइट जलाने की व्यवस्था की जाए। इसके अलावा बस स्टापों पर भी रोशनी होनी चाहिए। उन्होंने शुक्रवार को देर शाम पूर्वी दिल्ली के इलाकों में स्ट्रीट लाइट व बसों में महिलाओं के सफर करने की स्थिति का जायजा लिया था। यहां पर स्ट्रीट लाइट खराब मिलने पर उन्होंने पीडब्ल्यूडी को नोटिस जारी किया था।