दिल्ली में सूखे कूड़े की समस्या को बेहद गंभीर करार देते हुए सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को कहा कि इससे निपटने के लिए लोगों के सहयोग की भी जरूरत है। साथ ही कोर्ट ने उपराज्यपाल को इस समस्या से निपटने के लिए एक विशेषज्ञ समिति बनाने पर विचार करने के लिए कहा है।
जस्टिस मदन बी लोकुर की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ ने कहा कि समिति को कूड़ा प्रबंधन से जुड़े तमाम मसलों की तह तक जाना चाहिए। समिति गाजीपुर, ओखला और भलस्वा लैंडफिल को साफ करने के मामले पर भी विचार करना चाहिए। समिति में विशेषज्ञों के अलावा सिविल सोसायटी और रेजीडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) के सदस्य भी होने चाहिए।
पीठ ने पाया कि यह मामला बेहद महत्वपूर्ण है। लिहाजा अथॉरिटी को जल्दबाजी में कोई निर्णय नहीं लेना चाहिए बल्कि हर पहलू पर गहराई से विचार करना चाहिए जिससे दिल्ली में कूड़ा प्रबंधन की समस्या को दूर किया जा सके।
पीठ ने कहा कि हम आशा करते हैं कि निर्णय सामूहिक रूप से लिया जाएगा। उपराज्यपाल के दफ्तर की ओर से पेश एडिशनल सॉलिसिटर जनरल पिंकी आनंद ने पीठ से कहा कि वह इस मसले पर उपराज्यपाल से विचार विमर्श करेंगी और एक हफ्ते में पीठ के समक्ष उनका पक्ष रखेंगी।