रोहिणी जिला पुलिस उपायुक्त राजीव रंजन ने बताया कि 27 नवंबर को कंझावला थाना पुलिस को अग्रसेन अस्पताल से एक किशोर को चाकू से हमले के बाद भर्ती कराए जाने की जानकारी मिली। सूचना पर पुलिस अस्पताल पहुंची। जहां पता चला कि घायल 16 साल के किशोर को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू की। मृत किशोर अपने परिजनों के साथ कराला गांव में रहता था। उसके पिता बिजली कंपनी में कार्यरत हैं, जबकि मां गृहिणी हैं। वह निजी स्कूल में 11 वीं कक्षा में पढ़ता था।
पुलिस टीम ने माता चौक वाली गली कराला स्थित घटनास्थल पर पहुंची। जहां सड़क पर खून बिखरा हुआ था। पुलिस को मृत किशोर का चचेरा भाई मिला, जिसने बताया कि वह घटना का चश्मदीद है। उसने बताया कि वह अपने भाई के साथ 11 वीं कक्षा में पढ़ता था। उसे बृहस्पतिवार शाम 5.45 बजे कुछ लोगों का उसके भाई के साथ झगड़ा होने की जानकारी मिली। वह अपने एक दोस्त अरमान के साथ वहां पहुंचा।
वहां उसके भाई के साथ तीन लड़के झगड़ा कर रहे थे, जिसमें से एक उसी स्कूल में पढ़ता है, जिसमें उसका भाई पढ़ता था। जब तक वह वहां पहुंचे, आरोपियों में से एक ने उसके भाई के पेट और जांघ पर सब्जी काटने वाले चाकू मारकर उसे बुरी तरह से घायल कर दिया। वारदात को अंजाम देकर तीनों भाग गए। पुलिस ने चश्मदीद के बयान पर हत्या का मामला दर्ज कर लिया। पुलिस ने क्राइम और फोरेंसिक टीम को मौके पर बुलाया। टीम ने वहां से साक्ष्य हासिल किए।
पुलिस की टीम ने नामजद आरोपियों की तलाश शुरू की। देर रात कंझावला थाना पुलिस ने दो नाबालिगों को पकड़ लिया। वहीं तीसरे आरोपी को दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने दबोचकर स्थानीय पुलिस के हवाले कर दिया। आरोपियों ने पूछताछ में खुलासा किया कि मृत किशोर की एक लड़की से दोस्ती थी। यह उसे ना पसंद थी।