स्मार्ट सिटी के लिए जल्द ही शहरी स्थानीय निकाय विभाग चंडीगढ़ से एक टीम नगर निगम आएगी और यहां पिछले पांच वर्षों में हुए विकास कार्यों की जानकारी लेगी।
रिपोर्ट तैयार कर केंद्रीय शहरी विकास मंत्रालय को सौंपी जाएगी ताकि टॉप-20 शहरों की सूची में फरीदाबाद का नाम शामिल हो सके।
इन दिनों शहर में जगह-जगह सेमिनार और सभाएं आयोजित की जा रही हैं। इनके माध्यम से लोगों के सुझाव लिए जा रहे हैं। दस अक्तूबर तक आने वाले सुझावों के आधार पर ही कंसलटेंट एजेंसी स्मार्ट सिटी का डीपीआर तैयार करेगी।
निगम सूत्रों का कहना है कि संभवत: 19 अक्तूबर को शहरी स्थानीय निकाय विभाग से एक टीम नगर निगम का दौरा करने आने वाली है जो यहां पांच साल में हुए बड़े विकास कार्यों की जानकारी हासिल करेगी। संयुक्त आयुक्त डॉ. नरहरि सिंह बांगर ने कहा कि आने वाली टीम विकास कार्यों का अवलोकन करेगी।
पांच बड़े कामों की सूची सरकार को भेजी
निगम सूत्रों के मुताबिक निगम अधिकारियों ने पांच साल में हुए पांच बड़े कार्यों की सूची राज्य सरकार को भेजी है। इसमें जवाहर लाल नेहरू अर्बन रूलर मिशन (जेएनएनयूआरएम) कार्य शामिल है।
जिन कामों की रिपोर्ट सरकार को भेजी गई है उसमें डबुआ कॉलोनी में 38.96 करोड़ की लागत से बनाए गए 1978 मकान, 103.83 करोड़ की लागत से ओल्ड में सीवेज, 30.64 करोड़ की लागत से ओल्ड में बनाए गए ड्रेनेज सिस्टम, 76.54 करोड़ की लागत से सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट और 493.49 करोड़ की लागत से कराए गए पेयजल आपूर्ति के कार्य शामिल हैं।