दिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने नेता प्रतिपक्ष आतिशी द्वारा सिख गुरुओं पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी के मामले में प्रेस वार्ता की। उन्होंने कहा कि फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) की रिपोर्ट से यह पूरी तरह स्पष्ट है कि सदन की ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग में किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ नहीं हुई है। एफएसएल ने वीडियो का फ्रेम-टू-फ्रेम विश्लेषण किया, जिसमें रिकॉर्डिंग और शब्दशः कार्यवाही पूरी तरह एक-दूसरे से मेल खाती पाई गई। उन्होंने पूरे मामले की सीबीआई जांच कराने के संकेत दिए।
दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने कहा, 'जिस सदन की वीडियो के ऊपर प्रश्न उठाए गए, विपक्ष की मांग पर उस सदन की रिकॉर्डिंग को फॉरेंसिक साइंस लैबोरेटरी यानी एफएलएल को भेजा गया था और एफएलएल की रिपोर्ट आ गई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि जो ऑडियो-वीडियो है वह एक ही है। उसमें किसी प्रकार की छेड़खानी नहीं की गई है। सदस्यों के समक्ष जब मैंने उस दिन दोनों पक्षों को अपने कमरे में बुलाया था। वहां पर विपक्ष की तरफ से यह मांग की गई कि इसकी फॉरेंसिक जांच होनी चाहिए। सत्ता रूढ़ दल ने भी इस मांग पर अपनी मुहर लगा दी थी।
उन्होंने आगे कहा, 'जब जांच के लिए इसे भेजा गया तो अचानक 9 तारीख को ये खबर आती है कि पंजाब सरकार ने पहले ही इसकी जांच करवा ली, रिपोर्ट भी आ गई और एफआईआर भी दर्ज कर ली गई। यह जो नाटकीय घटनाक्रम रहा है, आज उसका दूध का दूध-पानी का पानी हो गया है।' विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष आतिशी को सदन में अपना पक्ष रखने का पूरा अवसर दिया गया था, लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया। अब भी उनके पास आपत्तिजनक बयान वापस लेने और सदन से माफी मांगने अवसर है।
पंजाब सरकार के फॉरेंसिक साइंस लैबोरेटरी की CBI जांच
दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने कहा, 'मैं पंजाब सरकार के फॉरेंसिक साइंस लैबोरेटरी की भी सीबीआई जांच करवाऊंगा।' उन्होंने आगे कहा, 'शब्दशः 'गुरु' शब्द का इस्तेमाल हुआ है और वो वीडियो में पाया गया है। जो भी घटनाक्रम पंजाब में हो रहा है, उस पूरे घटनाक्रम पर हम निश्चित रूप से सीबीआई की जांच करवाएंगे।"
इससे पहले आम आदमी पार्टी शासित पंजाब में पुलिस ने दावा किया था कि उनकी फॉरेंसिक जांच में पता चला है कि वीडियो 'छेड़छाड़ किया हुआ' था। इसके बाद दिल्ली विधानसभा में आम आदमी पार्टी के चीफ व्हिप संजीव झा ने मांग की कि स्पीकर गुप्ता मंत्री कपिल मिश्रा के खिलाफ सोशल मीडिया पर क्लिप शेयर करने के लिए विशेषाधिकार हनन का मामला चलाएं।
'आधे सच की रिपोर्ट लाकर भाजपा अपनी इज्जत बचाने की कोशिश में'
आम आदमी पार्टी दिल्ली अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने कहा, 'भाजपा किस तरह से सोच सकती है और कहां तक उनकी कल्पना जाती है, आम आदमी पार्टी उनकी रग-रग से वाकिफ है। 3 दिन पहले मैंने बता दिया था कि इनकी(भाजपा) फोरेंसिक रिपोर्ट में क्या आएगा। आधे सच की प्रेस वार्ता आपने आज सुबह-सुबह सुनी। मैं अब पूरी जिम्मेदारी से कह सकता हूं कि जो पंजाब की फोरेंसिक रिपोर्ट में कहा लगभग वही दिल्ली सरकार की भी फोरेंसिक रिपोर्ट में कहा गया। पंजाब की सरकार ने फोरेंसिक रिपोर्ट में साफ-साफ कह दिया कि 'गुरु' शब्द का इस्तेमाल नहीं हुआ। दिल्ली सरकार ने यही बात घुमाकर कही यानी ये बात नहीं कही कि 'गुरु' शब्द का इस्तेमाल किया गया। फोरेंसिक रिपोर्ट इसकी आनी थी कि आतिशी द्वारा क्या शब्द बोले गए। आधे शब्दों की रिपोर्ट लाकर भाजपा की सरकार अपनी इज्जत बचाने की कोशिश कर रही है। जहां पर कोई लेना-देना न हो वहां पर सांप्रदायिक दंगा भड़काने की कोशिश भाजपा खुलेआम कर रही है और इसी के लिए सारे प्रपंच किए जा रहे हैं।'
विधानसभा में क्या हुआ था
बता दें कि दिल्ली विधानसभा में गुरु तेग बहादुर की शहादत के 350 वर्ष पूरे होने के अवसर पर विधानसभा में विशेष चर्चा करा कर उनके बलिदान को याद किया जा रहा था। आरोप है कि इस चर्चा में भाग लेते हुए आम आदमी पार्टी की नेता और पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी ने कुछ ऐसे आपत्तिजनक शब्द कहे जिसको लेकर हंगामा खड़ा हो गया। भाजपा नेताओं ने आतिशी पर जानबूझकर सिख धर्म गुरू के अपमान करने का आरोप लगाया। पार्टी ने आतिशी पर कठोर कार्रवाई करने की मांग की। भाजपा विधायकों ने एक वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर की। जिसमें दावा किया गया कि आतिशी ने 'गुरुओं' के बारे में अपमानजनक शब्द बोले।
दिल्ली मुख्यमंत्री का आप पर बयान
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार को दावा किया कि सच की जीत हुई है। उन्होंने कहा कि विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता द्वारा पेश की गई फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) की रिपोर्ट ने दिल्ली विधानसभा की ऑडियो-वीडियो रिकॉर्डिंग में किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ से इनकार किया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आम आदमी पार्टी (आप) पर भी निशाना साधा, खासकर नेता प्रतिपक्ष आतिशी द्वारा कथित तौर पर की गई टिप्पणियों को लेकर चल रहे विवाद पर। उन्होंने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, आखिरकार, सच की जीत हुई है! माननीय विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता जी द्वारा सार्वजनिक रूप से जारी की गई FSL रिपोर्ट ने यह स्पष्ट कर दिया है कि छह जनवरी को विधानसभा में विपक्ष की नेता आतिशी द्वारा गुरुओं के महान बलिदान पर की गई अंससदीय और शर्मनाक टिप्पणी का वीडियो 100% प्रामाणिक है। इस वीडियो में किसी भी प्रकार की कोई छेड़छाड़ नहीं हुई है। उन्होंने आगे कहा कि यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक है कि आम आदमी पार्टी ने अपनी गलती स्वीकार करने के बजाय, सच को दबाने के लिए पंजाब सरकार, पंजाब पुलिस और पंजाब की फोरेंसिक लैब का सहारा लिया। अरविंद केजरीवाल जी के संरक्षण में, पूरे मामले को छुपाने के लिए पंजाब सरकार की एजेंसियों का दुरुपयोग करने का एक निंदनीय प्रयास किया गया है। उन्होंने एक गंभीर पाप किया है।