दिल्ली की सत्ता में 15 साल राज करने वाली पूर्व मुख्यमंत्री शीला दीक्षित ने दिल्ली की अरविंद केजरीवाल सरकार और केंद्र की मोदी सरकार के बीच टकराव होने पर दिल्ली का नुकसान करने का आरोप लगाया है।
नियुक्ति की लड़ाई को लेकर विवाद पर शीला दीक्षित ने कहा है कि दो दिन पूर्व गृहमंत्री कह रहे थे कि उपराज्यपाल और मुख्यमंत्री खुद बैठकर मामला सुलझाएं। फिर दो दिन में ऐसा क्या हुआ कि केन्द्र सरकार को अधिसूचना जारी करनी पड़ी। कुछ संदेह होता है।
शीला दीक्षित ने ‘अमर उजाला’ को बताया कि मेरे समय में भी दिक्कत आती थी तो टेलीफोन पर बात कर लेती थी। केंद्र में गृहमंत्रालय, शहरी विकास मंत्रालय में दिक्कत आती थी तो वहां जाकर मिल लेती थी। दिल्ली के हित की चीजें मिल जाती थीं।