- शिक्षा मंत्री ने शहीद भगत सिंह आर्म्ड फोर्सेज प्रिपरेटरी स्कूल में किया श्रमदान
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। स्कूली बच्चे स्वच्छता दूत बनकर सक्रिय रूप से सफाई अभियान में सहयोग करें। बच्चे अपने आसपास की गलियों, मार्केट, मंदिर तथा अन्य स्थानों पर भी साफ-सफाई करें। स्वच्छता केवल वीआईपी जोन तक सीमित नहीं होनी चाहिए। दिल्ली के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने यह बातें नजफगढ़ झड़ौदा कलां स्थित भगत सिंह आर्म्ड फोर्सेज प्रिपरेटरी स्कूल में कहीं। शिक्षा मंत्री ने स्कूल में दिल्ली को कूड़े से आजादी- स्वच्छता अभियान के अंतर्गत सफाई कर श्रमदान किया। इस अवसर पर क्षेत्रीय विधायक नीलम पहलवान के अतिरिक्त स्कूल के प्रिंसिपल, बच्चे तथा उनके अभिभावक भी मौजूद रहे।
दिल्ली को कूड़े से आजादी- स्वच्छता अभियान 1 से 31 अगस्त 2025 तक चलेगा जिसमें दिल्ली की विभिन्न एजेंसियां और नागरिक स्वच्छता के एक समान उद्देश्य के तहत मिलकर काम करेंगे। इस अवसर पर उन्होंने स्कूल के बच्चों के कुछ अभिभावकों और स्कूल प्रशासन से भी संवाद किया और स्कूल में आ रही समस्याओं के बारे में विस्तार से जानकारी ली। अभिभावकों ने बताया कि स्कूल में सबसे बड़ी समस्या पर्याप्त संख्या में टीचरों का ना होना है। बच्चों को स्कूल में पीने के पानी और बिजली की समस्या का भी सामना करना पड़ता है। स्कूल में एक हॉस्टल भी है जिसमें स्टाफ की भी कमी है। इस पर उन्होंने अभिभावकों को आश्वस्त किया कि सभी समस्याओं के निदान के लिए ठोस कार्रवाई करेंगे।