सुप्रीम कोर्ट ने शादी का रजिट्रेशन अनिवार्य कर दिया है। ऐसे में यूपी में भी 'अनिवार्य विवाह पंजीकरण अधिनियम' की रूपरेखा तैयार कर ली गई है।
अगले माह से इसके लागू होने की तैयारी है। इसके बाद हर विभाग के फॉर्म पर जहां सिंगल, मैरिड का ऑप्शन होता है, वहीं शादी रजिस्ट्रेशन नंबर देने का भी कॉलम होगा।
अगर आपने मैरिड पर टिक लगया तो मैरिड रजिस्ट्रेशन नंबर देना अनिवार्य होगा। ऐसा नहीं करने पर नौकरी से निकाला भी जा सकता है। यह के वल सरकारी विभागों, ऑफिसों में ही नहीं, बल्कि प्राइवेट सेक्टर में भी लागू किया जाएगा।
विगत चार वर्षों में विवाह का पंजीकरण कराने वालों की प्रत्येक वर्ष संख्या एक हजार से पार नहीं गई है। निबंधन विभाग से प्राप्त आंकड़ों के मुताबिक वर्ष 2010 में 962 विवाह पंजीकृत हुए। 2011 में यह संख्या और घट गई और 892 जोडों ने विवाह पंजीकरण कराए।
2012 में स्थिति थोड़ी बेहतर रही और पंजीकरण की संख्या 902 पहुंच गई, जबकि 2013 में 967 विवाह पंजीकृत हुए। इन आंकड़ों से स्पष्ट है कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश केबाद भी लोग जागरूक नहीं हुए। खुद से बिना किसी वजह पंजीकरण नहीं कराते।
विदेश जाने या फिर प्रॉपर्टी मामलों में जरूरत पड़ने पर ही शादी का पंजीकरण कराते हैं। पंजीकरण कराने आने वालों से दी गई जानकारी से पता चला है कि 90 प्रतिशत शादियों का पंजीकरण विदेश जाने के मकसद से करवाया जाता है।
अगर पति-पत्नी एक साथ विदेश जाते हैं तो विवाह पंजीकरण प्रमाणपत्र देना होता है। विदेश जाने केपीछे भी दो वजह होती है। हनीमून मनाना इसकी पहली वजह है। दूसरी वजह जॉब के सिलसिले में वीजा पर विदेश में रहना है।
नोट:- ये आंकड़े एक जनवरी से 31 दिसंबर तक की अवधि के आधार पर हैं।
विवाह पंजीकरण के लिए जरूरी दस्तावेज
-वर के स्थाई पते के लिए निवास प्रमाणपत्र या मकान की रजिस्ट्री या विवाह स्थल, जिसमें गेस्ट हाउस, होटल, पार्क, बारातघर, आदि शामिल हैं, का प्रमाणपत्र।
-जन्म तिथि के लिए जन्म प्रमाणपत्र
-शादी की फोटो, जिसमें वर-वधू एकसाथ हों।
-शादी का कार्ड (विवाह से दो साल के अंदर पंजीकरण कराने पर)
-दो साक्षी और उनके पासपोर्ट आकार के दो-दो फोटो।
-राजपत्रित अधिकारी का प्रमाणपत्र( जिसके समक्ष शादी हुई हो)
-लड़का-लड़की के पासपोर्ट आकार के दो-दो फोटो।
-शादी से एक साल के भीतर पंजीकरण कराने पर पंडित का प्रमाणपत्र।
नोट:- अगर शादी विवाह स्थल के आधार पर हो रही है तो उसका बिल लाना जरूरी है।
अमर उजाला विवाह पंजीकरण शिविर अगले सप्ताह
बेटी ही बचाएगी मुहिम के तहत अमर उजाला अगले सप्ताह विवाह पंजीकरण शिविर का आयोजन करेगा। अब तक जिन लोगों ने शादी का पंजीकरण नहीं करवाया है, वे इस शिविर के माध्यम से पंजीकरण करवा सकते हैं। इसकी तिथि, समय और स्थान की सूचना शीघ्र ही अखबार केमाध्यम से आप तक पहुंचाई जाएगी।