केंद्र सरकार द्वारा डीजल के दाम में 1.28 रुपये की बढ़ोतरी के बाद ट्रांसपोर्टर किराया बढ़ाने की तैयारी में हैं। ट्रांसपोर्टरों का कहना है कि प्रत्येक माह डीजल में 50 पैसे बढ़ते थे। लेकिन इस बार बढ़ोतरी अधिक है।
इससे ट्रकों का किराया 15 से 20 प्रतिशत तक बढ़ जाएगा। आने वाले समय में बाहर से आने वाली सब्जी व खाने पीने की आवश्यक वस्तुएं और भी महंगी होने की संभावना है।
जिला ट्रक ऑपरेटर एसोसिएशन के अध्यक्ष कमलेश कुमार ने बताया कि डीजल के बढ़ते दामों से ट्रांसपोर्ट बिजनेस बंदी के कगार पर पहुंच गया है। जिस हिसाब से डीजल के दाम बढ़ते हैं उस अनुपात में ट्रांसपोर्टर किराया नहीं बढ़ा पाते।
एक तरह से एवरेज किराया ही बढ़ाया जाता है। इसका लंबी दूरी के ट्रांसपोर्ट पर विशेष रूप से प्रभाव पड़ता है। अब फिर से डीजल के रेट बढ़े हैं। इससे किराए में 15 से 20 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी हो जाएगी। संभावना है कि इसका असर आने वाले दिनाें पर दिखाई दें, क्योंकि बाहर से आने वाली वस्तुएं महंगी हो जाएंगी।