रेलवे स्टेशन पर बंदरों का आतंक अब इस कदर बढ़ गया है कि वे खाद्य पदार्थों को ही नहीं लोगों को भी अपना निशाना बनाने लगे हैं।
बंदरों के एक झुंड ने प्लेटफार्म नंबर-3 पर एक आठ साल की बच्ची पर हमला कर दिया। बंदरों के काटने और दहशत की वजह से बच्ची बेहोश हो गई। जीआरपी ने उसे अस्पताल पहुंचाकर परिजनों को सूचना दी।
वाकया मंगलवार शाम का है। 8 वर्षीय गुलशान प्लेटफार्म नंबर-3 से विजयनगर अपने घर की ओर जा रही थी। इसी दौरान बंदरों ने उस पर हमला कर दिया। बंदरों ने उसके हाथ में काट लिया।
गुलशान के शोर मचाने पर लोग उसकी तरफ दौड़े तो बंदरों ने उसे छोड़ा। बंदरों ने उसके हाथ में काट लिया। जीआरपी ने उसे अस्पताल पहुंचाया। इलाज के बाद बच्ची की मां हसीना उसे अस्पताल से घर ले गई।
डीटीएम डीके चोपड़ा ने बताया कि कर्मचारी बंदरों को खदेड़ते रहते हैं, लेकिन खाने की तलाश में बंदर बार-बार आ जाते हैं। इन्हें पकड़वाने के लिए नगर निगम और डीएम को कई बार पत्र लिखा गया है।
मंकी रिप्लेंट मशीन भी नहीं आ रही काम
प्लेटफार्म नंबर-3/4 के बीच में ही बंदरों को भगाने के लिए मंकी रिप्लेंट मशीन लगाई थी। इसके बाद भी बंदरों की संख्या और आतंक कम नहीं हुआ। रेलवे ने चार अन्य मशीन लगाने का प्रपोजल भेजा है, लेकिन इसे स्वीकृति नहीं मिली है।