पूछताछ में पता चला है कि इसने मुंबई राजधानी एक्सप्रेस ट्रेन को लेट कराने के इरादे से झूठी कॉल कर कहा कि ट्रेन में बम है। पुलिस ने यह भी बताया कि पकड़ा गया सार्जेंट शराब के नशे में था, जिसे ट्रेन की ही बोगी से उठाया गया है।
सार्जेंट की झूठी कॉल के कारण ट्रेन स्टेशन पर लगभग एक घंटे तक खड़ी रही। पुलिस ने जांच करने के बाद ट्रेन को रवाना किया। जांच में यह बात भी सामने आई कि एयरफोर्स कर्मी की ट्रेन छूट रही थी इसलिए उसके भाई ने पुलिस को बम होने की झूठी सूचना दे दी।
ट्रेन को चार बजकर 55 मिनट पर खुलना था, इस बीच पुलिस कंट्रोल रूम को चार बजकर 48 मिनट पर कॉल आती है कि ट्रेन में बम है। पुलिस उपायुक्त (रेलवे) हरीश एचपी ने बताया कि जब नंबर के बारे में पता किया गया तो यह भारतीय वायु सेना में सार्जेंट सुनील सांगवान है, जिसका लॉकेशन ट्रेन की एक बॉगी में दिखाई दे रहा था। इसके बाद उसे गिरफ्तार किया गया।
पुलिस के मुताबिक, सांगवान को मुंबई के सांताक्रूज में एयरफोर्स स्टेशन पर अपनी पोस्टिंग की जगह जाने के लिए ट्रेन में सवार होना था। उसे स्टेशन पहुंचने में देर हो गई और नशे में ट्रेन को लेट करने के लिए बम होने की कॉल कर दी।