-दिल्ली की सड़कों पर मरम्मत, एजेंसी, शिकायत और प्रोजेक्ट की जानकारी होगी एक स्कैन दूर, जनता सीधे निगरानी कर सकेगी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
दिल्ली की सड़कों की हालत, मरम्मत कार्य और सरकारी खर्च की जानकारी अब आम लोगों से छिपी नहीं रहेगी। लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) राजधानी की सड़कों पर क्यूआर तकनीक लागू करने जा रहा है। इसके लिए करीब 96 लाख रुपये की लागत से निविदा जारी की गई है। परियोजना के तहत सड़कों पर क्यूआर कोड आधारित डिजिटल व्यवस्था विकसित की जाएगी, जिससे नागरिक मोबाइल फोन से स्कैन कर सड़क से जुड़ी पूरी जानकारी तुरंत देख सकेंगे।
इस सिस्टम में सड़क की स्थिति, निर्माण और मरम्मत की जानकारी, संबंधित एजेंसी, कार्य अवधि, शिकायत निवारण और मॉनिटरिंग जैसी सुविधाएं शामिल होंगी। यह व्यवस्था रियल टाइम डेटा, जीआईएस जियोटैगिंग, डैशबोर्ड मॉनिटरिंग और शिकायत प्रबंधन प्रणाली पर आधारित होगी। पीडब्ल्यूडी ने साफ किया है कि यह सिस्टम केवल वेबसाइट तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि पांच वर्षों तक इसका संचालन और रखरखाव भी किया जाएगा। दो महीने में इसे पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इस नई व्यवस्था से सबसे बड़ा लाभ आम जनता को मिलेगा। अभी सड़क टूटने, अधूरे काम, बार-बार खुदाई या खराब निर्माण की स्थिति में लोगों को यह जानकारी नहीं मिल पाती कि जिम्मेदार एजेंसी कौन है और शिकायत कहां की जाए। क्यूआर कोड स्कैन करते ही नागरिक सड़क का पूरा रिकॉर्ड देख सकेंगे और सीधे शिकायत दर्ज करा सकेंगे। इससे जवाबदेही बढ़ेगी और सड़क मरम्मत में पारदर्शिता आएगी।