द्वारका क्षेत्र में ट्रैफिक व्यवस्था को बेहतर बनाने और नागरिकों के साथ समन्वय मजबूत करने के उद्देश्य से दिल्ली ट्रैफिक पुलिस द्वारा ‘प्रोजेक्ट संगम’ के तहत एक जन संवाद कार्यक्रम का आयोजन रविवार को किया गया। यह बैठक द्वारका सेक्टर-7 स्थित सीसीआरटी परिसर में आयोजित हुई, जिसमें स्थानीय निवासियों और प्रशासन के बीच खुला संवाद देखने को मिला।
कार्यक्रम की पहल उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधु के मार्गदर्शन में की गई है, जिसका मुख्य उद्देश्य नागरिकों की समस्याओं को सीधे सुनकर उनका समाधान निकालना है। बैठक में द्वारका की कई रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। बैठक के दौरान क्षेत्रवासियों ने ट्रैफिक जाम, अव्यवस्थित पार्किंग, स्कूलों के आसपास की भीड़भाड़ और मुख्य सड़कों पर बढ़ते दबाव जैसी समस्याओं को विस्तार से रखा। ट्रैफिक पुलिस अधिकारियों ने सभी मुद्दों को गंभीरता से सुना और कई मामलों में मौके पर ही समाधान सुझाए। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि प्राथमिकता के आधार पर समस्याओं का निराकरण किया जाएगा।
इस अवसर पर ट्रैफिक पुलिस के अधिकारियों ने द्वारका क्षेत्र में पहले किए गए सुधार कार्यों, मौजूदा ट्रैफिक प्रबंधन व्यवस्था और भविष्य की योजनाओं की भी जानकारी साझा की। अधिकारियों ने बताया कि स्मार्ट ट्रैफिक सिस्टम, बेहतर सिग्नल प्रबंधन और सख्त प्रवर्तन के माध्यम से व्यवस्था को और सुदृढ़ किया जाएगा। कार्यक्रम का उद्घाटन अतिरिक्त पुलिस आयुक्त ट्रैफिक, जोन-II दिनेश कुमार गुप्ता, डीसीपी ट्रैफिक वेस्टर्न रेंज सतीश कुमार, एसीपी ट्रैफिक द्वारका रविंदर पंडित और ट्रैफिक इंस्पेक्टर शिव कुमार मलिक द्वारा किया गया। निवासियों की ओर से ऑल द्वारका रेजिडेंट्स फेडरेशन के अध्यक्ष अजीत स्वामी और फेडरेशन की उपाध्यक्ष कविता चौधरी सहित कई अन्य लोग उपस्थित रहे।