सोशल ट्रेडिंग के नाम पर लोगों से एक हजार करोड़ की ठगी के मामले में पेवे कंपनी के खिलाफ बुधवार सुबह थाना लिंक रोड में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई।
दिल्ली निवासी दो पीड़ितों की शिकायत पर पुलिस ने कंपनी के दो डायरेक्टरों, एमडी और दो अन्य लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज की है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
साहिबाबाद के पैसिफिक बिजनेस पार्क में तीन ऑफिसों में चल रही पेवे कंपनी पर करीब 20 हजार लोगों से एक हजार करोड़ रुपये की ठगी का आरोप है। कंपनी ने लोगों को मेंबर बनाकर ऑनलाइन क्लिक के नाम पर रुपये कमाने का झांसा दिया।
आरोप है कि एक माह तक तो कंपनी ने लोगों के अकाउंट में रुपये डाले। इसके बाद खाते में रुपये आने बंद हो गए। वहीं, जब लोग कंपनी के ऑफिस पहुंचे तो वहां ताला लगा मिला। इसके बाद पीड़ितों ने एसएसपी को मामले की शिकायत दी।
एसएसपी ने साहिबाबाद एएसपी अनूप सिंह को जांच के आदेश दिए थे। इसके बाद बुधवार सुबह एफआईआर दर्ज की गई। एसएचओ लिंक रोड रोजंत त्यागी ने बताया कि दिल्ली के शाहदरा निवासी विकास और पुष्पेंद्र ने शिकायत दी थी कि पांच माह पहले वह पेवे कंपनी के संपर्क में आए थे।
उन्होंने साढ़े चार लाख रुपये जमा कर मेंबरशिप ली। कंपनी ने उन्हें चार आईडी दी थीं। आईडी पर क्लिक करने के बाद उनके खाते में रोजाना 1700 रुपये आने थे। उन्होंने अपने दोस्त पुष्पेंद्र को 2 लाख तीस हजार रुपये, मुजफ्फरनगर निवासी सौरभ को 4.60 लाख रुपये में कंपनी से जोड़ा।
इन दोनों ने करीब 43 लोगों से एक लाख 15 हजार रुपये जमा करवाकर आईडी दिलवाई। आरोप है कि तीन माह तक तो सभी के अकाउंट में रुपये आए लेकिन करीब एक माह पहले रुपये आने बंद हो गए। इसके बाद उन्होंने पुलिस से शिकायत की।
एसएचओ ने बताया कि कंपनी के डायरेक्टर वरुण गुप्ता व अमन शर्मा, एमडी मनोज बंसल व दो अन्य अधिकारियों मनोज वर्मा और जतिन के खिलाफ धोखाधड़ी की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है। अगर कुछ और लोग मामले में शिकायत देने आते हैं तो उन्हें भी वादी बनाया जाएगा।