अधिवक्ताओं और पुलिस के बीच चला आ रहा विवाद फिलहाल कुछ दिन के लिए थम गया है। बार एसोसिएशन ने शनिवार को बार सभागार में बैठक कर पांच दिन से चली आ रही हड़ताल 15 दिन के लिए स्थगित कर दी है।
हालांकि उन्होंने चेतावनी दी है कि इस बीच अगर 200 अधिवक्ताओं पर दर्ज एफआईआर में एफआर नहीं लगी तो वे आंदोलन करेंगे। 200 नहीं, बल्कि विरोध में कचहरी के तमाम तीन हजार वकील जेल जाएंगे।
उन्होंने इस संबंध में जिला जज, डीएम और एसएसपी को संबोधित ज्ञापन भी दिया। बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अनिल पंडित और सचिव योगेंद्र कौशिक उर्फ राजू ने बताया कि शनिवार को भी कचहरी में हड़ताल रही। हालांकि दोपहर को हुई एसोसिएशन की बैठक में 15 दिन के लिए हड़ताल स्थगित करने का निर्णय लिया गया।
यह भी तय किया गया कि पुलिस अगर अधिवक्ताओं के खिलाफ कार्रवाई करती है तो उसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अधिवक्ता तोड़फोड़ में शामिल नहीं थे। बता दें कि कचहरी पुलिस चौकी में बृहस्पतिवार को कथित तालाबंदी और तोड़फोड़ के मामले में 200 अज्ञात अधिवक्ताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी।
पुलिस ने पूर्व बार सचिव के साथ अभद्रता मामले के आरोपी चारों पुलिसवालों को थाने से हटा दिया था। साथ ही उनके खिलाफ कार्रवाई के लिए चुनाव आयोग से अनुमति मांगी थी।