प्रतिभा सुविधाओं की मोहताज नहीं होती। तीन बीघा जमीन के मालिक किसान स्वामीनाथ के बेटे सर्वेश कुमार ने इसे फिर साबित कर दिखाया। हाईस्कूल परिणाम में सर्वेश ने 96.83 फीसदी अंक पाकर यूपी टॉप किया है।
भैंस का दूध बेचकर फीस की व्यवस्था करने वाले गरीब पिता की इच्छा ने सर्वेश को दिन-रात कड़ी मेहनत करने के लिए प्रेरित किया। जनपद बस्ती की तहसील हर्रैया के गांव हरबनपुर निवासी सर्वेश कुमार गर्मियों की छुट्टियों में अपने मामा के घर गाजियाबाद आए हुए हैं।
अमर उजाला ने सर्वेश कुमार से विशेष बातचीत की। एनएच 58 के किनारे स्थित बस्ती सरस्वती विहार में रामगणेश वर्मा के घर रविवार को दिवाली सा माहौल था। उनका भांजा सर्वेश कुमार यूपी बोर्ड की हाईस्कूल परीक्षा का टॉपर जो बन गया था।
10 किलोमीटर साईकिल चलाकर स्कूल जाता है सर्वेश
दोपहर में रिजल्ट आते ही घर के सभी सदस्य खुशी से नाच उठे। मामी आज्ञावती ने घर पर पहले से मिठाई बनाकर रखी थी। सभी को सर्वेश के अच्छे अंकों से उत्तीर्ण होने का विश्वास तो था, लेकिन यूपी का टॉपर बनने की बात किसी ने नहीं सोची थी।
सर्वेश कुमार ने बताया कि वह गांव हरबनपुर से गजोधर सिंह अंगद सिंह इंटर कॉलेज में 10 किमी दूर पढ़ने के लिए साइकिल से जाते हैं। तीन बीघा जमीन से घर के लिए गेहूं-चावल का इंतजाम करने वाले उसके पिता एक भैंस का दूध बेचकर पढ़ाई का खर्च चलाते हैं।
बड़ी बहन दीपा बीएससी की छात्रा हैं। सर्वेश का कहना था कि ‘पिता मुझे राजा बेटा बनाकर रखते हैं, मैं अफसर बनकर अपने पिता की दिनरात सेवा करूंगा और उनको काम नहीं करने दूंगा।’
ईमानदार IAS बनना चाहता है सर्वेश
सर्वेश कुमार ने बताया कि वह ईमानदार आईएएस अधिकारी बनकर देश-समाज में सिस्टम को सुधारना चाहते हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमिताभ बच्चन और सचिन तेंदुलकर उसके आदर्श हैं।
इसका कारण उनका लगातार दिनरात काम करते रहना है। क्रिकेट का भी अच्छा खिलाड़ी सर्वेश कुमार विपरीत हालात में अच्छी पढ़ाई का श्रेय अपने पिता को देते हैं। सर्वेश ने अपने प्रधानाचार्य सुभाष त्रिपाठी से फोन पर बात भी कराई।
उन्होंने बताया कि सर्वेश एक दिन भी कॉलेज से अनुपस्थित नहीं रहा है।